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रोल्स रॉयस पर विमान खरीद में धोखाधड़ी का आरोप, CBI ने दर्ज किया केस

  • Authored by: आशीष कुशवाहा
  • Updated May 30, 2023, 08:49 AM IST

Rolls Royce Corruption Case: ब्रिटिश मल्टीनेशनल एयरोस्पेस एंड डिफेंस कंपनी रोल्स रॉयस PLC और उसके अधिकारियों के खिलाफ सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) ने सोमवार (29 मई) को केस दर्ज किया है।

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ब्रिटिश मल्टीनेशनल एयरोस्पेस एंड डिफेंस कंपनी रोल्स रॉयस

Rolls Royce Corruption Case: ब्रिटिश मल्टीनेशनल एयरोस्पेस एंड डिफेंस कंपनी रोल्स रॉयस PLC और उसके अधिकारियों के खिलाफ सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) ने सोमवार (29 मई) को केस दर्ज किया है। 24 हॉक और 115 एडवांस्ड जेट ट्रेनर एयरक्राफ्ट की खरीद में भ्रष्टाचार के आरोप लगे है। रोल्स रॉयस इंडिया के डायरेक्टर टिम जोन्स, आर्म्स डीलर सुधीर चौधरी, भानु चौधरी और ब्रिटिश एयरोस्पेस सिस्टम्स (BAE सिस्टम्स) भी इस भ्रष्टाचार में शामिल हैं।

इतने एयरक्रॉप्ट हुए थे मंजूर

CBI के अनुसार, अपने आधिकारिक पदों का दुरुपयोग करते हुए कईअज्ञात पब्लिक सर्वेंट्स ने 73,421 करोड़ GBP में टोटल 24 हॉक और 115 एडवांस जेट ट्रेनर (AJT) एयरक्राफ्ट अप्रूव किए और खरीदे हैं। CBI ने 2016 में एफआईआर दर्ज की थी, जिसे बाद में नियमित मामले में बदल दिया गया था।

2 कॉन्ट्रैक्ट्स हुए थे साइन

3 सितंबर 2003 को हुई मीटिंग में कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (CCS) ने 66 हॉक और 115 एयरक्राफ्ट की खरीद की मंजूरी दी थी। इसके अलावा लॉन्ग-टर्म प्रोडक्ट सपोर्ट के लिए भारत और ब्रिटेन की सरकारों के बीच एक इंटर-गवर्नमेंट एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर भी किए थे। कैबिनेट से अप्रूवल के बाद 26 मार्च 2004 को मिनिस्ट्री ऑफ डिफेंस और ब्रिटिश एयरोस्पेस सिस्टम्स (रोल्स रॉयस) के बीच 2 कॉन्ट्रैक्ट्स साइन किए गए थे। पहला कॉन्ट्रेक्ट डायरेक्ट सप्लाई और मटेरियल्स के माध्यम से 24 हॉक एयरक्राफ्ट की सप्लाई का था। दूसरा कॉन्ट्रैक्ट 42 एयरक्राफ्ट के लिए टेक्नोलॉजी के ट्रांसफर का था।

रिश्वत देने का आरोप

2012 में मीडिया रिपोर्टों के आधार पर UK के SFO (सीरियस फ्रॉड ऑफिस) ने रोल्स रॉयस के भारत और अन्य देशों में प्रोजेक्ट को हासिल करने में करप्ट प्रैक्टिस में शामिल होने के आरोपों की जांच शुरू की थी। UK के SFO की जांच में खुलासा हुआ था कि रोल्स रॉयस ने लाइसेंस फीस को 4 मिलियन GBP से बढ़ाकर 7.5 मिलियन GBP करने के लिए भारत के बिचौलियों को 1 मिलियन GBP की रिश्वत दी थी।

आशीष कुशवाहा
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

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