बजट 2026

Economic Survey : क्या होता है आर्थिक सर्वेक्षण, बजट से पहले क्यों आता है, जानें अहमियत और खास बातें

Economic Survey India, Budget 2025: बजट से पहले आर्थिक सर्वेक्षण क्यों आता है? जानें इसकी अहमियत, पेश होने की तारीख और इस बार के संभावित बदलाव। आर्थिक सर्वेक्षण सरकार को नीतिगत निर्णय लेने में सहायता करता है और यह दर्शाता है कि देश को किन आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

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आर्थिक सर्वेक्षण का महत्व

Economic Survey India, Budget 2025: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा दोनों सदनों को संबोधित करने के साथ संसद के वित्त वर्ष 2025-26 के बजट सत्र की शुरुआत करने के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 31 जनवरी, 2025 को आर्थिक सर्वेक्षण 2024-2025 पेश करेंगी। आर्थिक सर्वेक्षण (Economic Survey) बजट से पहले एक खास डॉक्यूमेंट होता है, जो देश की अर्थव्यवस्था की स्थिति, विकास दर और प्रमुख आर्थिक चुनौतियों का विश्लेषण करता है।

क्या है आर्थिक सर्वेक्षण?

आर्थिक सर्वेक्षण सरकार को नीतिगत निर्णय लेने में सहायता करता है और यह दर्शाता है कि देश को किन आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इसमें पिछले एक वर्ष के आर्थिक प्रदर्शन का विस्तृत विश्लेषण और भविष्य की संभावित नीतियों के सुझाव दिए जाते हैं।

कौन करेगा आर्थिक सर्वेक्षण पेश?

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण संसद में आर्थिक सर्वेक्षण पेश करेंगी। इसे मुख्य आर्थिक सलाहकार (CEA) वी अनंत नागेश्वरन की निगरानी में तैयार किया गया है। आर्थिक सर्वेक्षण पेश होने के बाद मुख्य आर्थिक सलाहकार प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडिया के सवालों का जवाब देंगे।

कौन तैयार करता है आर्थिक सर्वेक्षण?

इसे वित्त मंत्रालय का आर्थिक मामलों का विभाग (Economic Affairs Department) तैयार करता है, जिसमें मुख्य आर्थिक सलाहकार की टीम इस रिपोर्ट को अंतिम रूप देती है।

आर्थिक सर्वेक्षण के प्रमुख भाग

इस सर्वेक्षण को दो भागों में विभाजित किया जाता है

पहला भाग: इसमें अर्थव्यवस्था का प्रदर्शन, वित्तीय स्थिति और राजकोषीय नीतियों से जुड़े डेटा होते हैं।

दूसरा भाग: इसमें शिक्षा, गरीबी, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे और मानव संसाधन से संबंधित सामाजिक-आर्थिक पहलुओं का विश्लेषण किया जाता है।

आर्थिक सर्वेक्षण का महत्व

यह देश की आर्थिक स्थिति और विकास दर का लेखा-जोखा प्रस्तुत करता है। सरकार को आर्थिक नीतियों को सुधारने और नई रणनीतियां बनाने में मदद करता है। हालांकि, इसमें दिए गए सुझावों को मानना सरकार के लिए अनिवार्य नहीं होता।

Ashish Kushwaha
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

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