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PLI Scheme: फॉक्सकॉन, सैमसंग समेत 5 कंपनियों को पीएलआई स्कीम के तहत मिलेंगे 4400 करोड़, स्मार्टफोन प्रोडक्शन का टार्गेट किया पूरा

PLI Scheme For Smartphone Production: सैमसंग और डिक्सन टेक्नोलॉजीज समेत 5 कंपनियों को पीएलआई स्कीम के तहत 4,400 करोड़ रुपये से अधिक का इंसेंटिव मिलेगा। ये पैसा इन कंपनियों को वित्त वर्ष 2022-23 में टार्गेट पूरा करने के लिए मिलेगा।

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स्मार्टफोन प्रोडक्शन के लिए पीएलआई स्कीम

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • 5 कंपनियों को मिलेंगे 4400 करोड़ रु से अधिक
  • पांचों हैं स्मार्टफोन निर्माता कंपनियां
  • स्मार्टफोन प्रोडक्शन टार्गेट पूरा करने के लिए मिलेगा लाभ

PLI Scheme For Smartphone Production: भारत में ऐप्पल की 3 कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरर हैं। इनमें फॉक्सकॉन (Hon Hai), विस्ट्रॉन (अब टाटा ग्रुप की ओवरशिप में हैं) और पेगाट्रॉन शामिल हैं। इन तीन कंपनियों समेत दक्षिण कोरिया की सैमसंग और घरेलू इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनी डिक्सन टेक्नोलॉजीज को पीएलआई स्कीम (PLI Scheme) के तहत 4,400 करोड़ रुपये से अधिक का इंसेंटिव मिलेगा। ये पैसा इन कंपनियों को वित्त वर्ष 2022-23 में टार्गेट पूरा करने के लिए मिलेगा। हालांकि चुनी गई 10 कंपनियों में से कुछ ने स्कीम में तय किए गए उत्पादन टार्गेट को पूरा नहीं किया है, इसलिए वित्त वर्ष 2023-24 के लिए 6,504 करोड़ रुपये के ऑरिजनल आवंटन का पूरी तरह से उपयोग नहीं किया जा सकेगा।

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क्या है इंसेंटिव राशि का नियम

टार्गेट हासिल करने के एक साल बाद कंपनियों को इंसेंटिव मिलता है। बता दें कि जो कंपनियां टार्गेट से अधिक प्रोडक्शन करती हैं, वे उस राशि के लिए क्लेम कर सकती हैं, जो उन कंपनियों को नहीं दिया गया, जिन्होंने टार्गेट पूरा नहीं किया है।

Xiaomi नहीं कर पाई टार्गेट पूरा

ग्लोबल कंपनियों में, राइजिंग स्टार (भारत एफआईएच), जो कि चीन की Xiaomi के लिए एक स्मार्टफोन कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरर है, FY21 में पीएलआई योजना शुरू होने के बाद से लक्ष्य को पूरा करने में विफल रही है। इसके लिए FY23 में भी लक्ष्य को पूरा न कर पाने का अनुमान है।

इन भारतीय कंपनियों को भी नहीं मिलेगी इंसेंटिव राशि

ईटी की रिपोर्ट के अनुसार लावा और ऑप्टिमस इलेक्ट्रॉनिक्स जैसी भारतीय कंपनियां, जिन्होंने एक बार भी पीएलआई लक्ष्य पूरा नहीं किया है, उन्हें भी इंसेंटिव नहीं मिलने की संभावना है। पांच ग्लोबल फर्मों ने वित्त वर्ष 2022-23 में लक्ष्य पूरा कर लिया है।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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