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VIDEO: जब PM मोदी के सामने अचानक हिंदी भाषा बोलने लगीं मेलोनी, जानें आखिर क्या कहा

PM Modi In Italy: पीएम मोदी ने रोम में मेलोनी के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। इस दौरान मेलोनी ने भारत-इटली संबंधों को मजबूत बताते हुए हिंदी में कहा, “परिश्रम ही सफलता की कुंजी है।” उन्होंने पीएम मोदी की यात्रा को सम्मान की बात बताते हुए कहा कि इससे दोनों देशों के रिश्तों में नया अध्याय जुड़ रहा है। मेलोनी ने 2027 को “इटली-भारत संस्कृति और पर्यटन वर्ष” के रूप में मनाने की घोषणा भी की। दोनों देशों ने उन्नत विनिर्माण, ऊर्जा, रक्षा, अंतरिक्ष, पर्यटन, कृषि और समुद्री परिवहन जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया।

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इटली की प्रधानमंत्री ने हिंदी भाषा में कहा कि परिश्रम ही सफलता की कुंजी है। AI IMAGE

PM Modi In Italy: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रोम में इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी (Giorgia Meloni) के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। जॉर्जिया मेलोनी ने दोनों देशों के रिश्तों पर महत्व पर जोर दिया। इसी कड़ी में मेलोनी ने हिंदी भाषा में कहा,"परिश्रम ही सफलता की कुंजी है।"

मेलोनी ने पीएम मोदी से कहा कि आपकी यह यात्रा हमारे लिए सम्मान की बात है। इससे हमारे देश के साथ संबंधों में एक नया अध्याय खुलता है। यह उस लंबी किताब का आखिरी अध्याय नहीं होगा जिसे आप हमारे साथ मिलकर, हमारे काम को सर्वोत्तम तरीके से करने के दृढ़ संकल्प के साथ लिख रहे हैं।

'परिश्रम ही सफलता की कुंजी'

मेलोनी ने आगे कहा कि एक भारतीय शब्द है जो इसे बखूबी व्यक्त करता है. परिश्रम। इसका अर्थ है कड़ी मेहनत। यह एक ऐसा शब्द है जिसका भारत में अक्सर प्रयोग होता है। इसे अक्सर इस लोकप्रिय कहावत के रूप में इस्तेमाल किया जाता है कि परिश्रम ही सफलता की कुंजी है। इसका अर्थ है कि कठिन परिश्रम ही सफलता की कुंजी है और हम अपने संबंधों को इसी तरह मजबूत बनाने के आदी हैं जहां कड़ी मेहनत ही सफलता का कारण बनती है।

मेलोनी ने कहा कि हमने 2027 के लिए इटली-भारत संस्कृति और पर्यटन वर्ष शुरू करने का निर्णय लिया है, जो हमारी सदियों पुरानी संस्कृतियों को संवाद विकसित करने और उन्हें और अधिक जोड़ने का एक अनूठा अवसर है।

दोनों देशों के बीच पूरकता को बढ़ाना है: मेलोनी

उन्होंने आगे कहा कि हमारा उद्देश्य कई क्षेत्रों में दोनों देशों के बीच पूरकता को बढ़ाना है। हमने आज और कल रात भी इन पर विस्तार से चर्चा की। उन्नत विनिर्माण, अवसंरचना, ऊर्जा, अंतरिक्ष अर्थव्यवस्था, रक्षा, ये ऐसे सहयोग क्षेत्र हैं जिन पर हम कड़ी मेहनत कर रहे हैं। महत्वपूर्ण खनिज, कृषि-उद्योग, समुद्री परिवहन, पर्यटन और संस्कृति बहुत महत्वपूर्ण अवसर हैं। आज जिन महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए जाने वाले हैं, वे व्यापक क्षेत्रों में हमारे सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से इसी दिशा में आगे बढ़ते हैं।"

Piyush Kumar
पीयूष कुमार author

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घट... और देखें

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