पाकिस्तान में राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद (NSC) की बैठक के बाद PAK ने कई बड़े फैसलों का ऐलान किया है। इसमें भारत के साथ व्यापार पर रोक, वाघा बार्डर को बंद करना, भारतीय विमानों के लिए पाकिस्तानी हवाई क्षेत्र के इस्तेमाल पर रोक का फैसला लिया है गौर हो कि पहलगाम अटैक के बाद पाकिस्तान की NSC की बैठक में फैसला लिया गया जिसके मुताबिक भारतीय उड़ानों के लिए पाकिस्तान ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है ,साथ ही भारत से सभी तरह के कारोबार पर रोक लगा दी है।
राष्ट्रीय सुरक्षा समिति (NSC) की बैठक के बाद जारी एक बयान में कहा गया है कि पाकिस्तान की संप्रभुता और सुरक्षा को किसी भी तरह का खतरा होने पर हर तरह से मजबूती से जवाब दिया जाएगा।इसमें कहा गया है कि भारत को पहलगाम जैसी घटनाओं को लेकर प्रतिक्रिया स्वरूप आक्षेप लगाने के हथकंडों तथा अपने संकीर्ण राजनीतिक एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए इस प्रकार की घटनाओं का गलत फायदा उठाने से बचना चाहिए।
इसमें कहा गया है, 'इस तरह की रणनीतियां केवल तनाव को बढ़ाने और क्षेत्र में शांति और स्थिरता के मार्ग में बाधा डालने का काम करती हैं।'
बैठक में भारतीय एयरलाइन के लिए पाकिस्तानी हवाई क्षेत्र और वाघा सीमा चौकी को बंद करने का निर्णय लिया गया।
PAK ने वाघा सीमा चौकी को बंद किया
पाकिस्तान वाघा सीमा चौकी को तत्काल प्रभाव से बंद कर देगा। इस मार्ग से भारत से सभी सीमा पार पारगमन बिना किसी अपवाद के निलंबित कर दिया जाएगा। जो लोग वैध अनुमोदन के साथ सीमा पार कर चुके हैं, वे तुरंत उस मार्ग से वापस आ सकते हैं।
जान लें क्या है शिमला समझौता
शिमला समझौता भारत और पाकिस्तान के बीच 2 जुलाई 1972 को हस्ताक्षरित एक शांति समझौता था। यह समझौता 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध और बांग्लादेश के निर्माण के बाद हुआ, इसका उद्देश्य दोनों देशों के बीच तनाव कम करना और भविष्य में शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व को बढ़ावा देना था और इस पर भारत की तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी और पाकिस्तान के तत्कालीन राष्ट्रपति जुल्फिकार अली भुट्टो ने हस्ताक्षर किए थे, शिमला समझौते में दोनों देशों ने एक-दूसरे की संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप न करने का वादा किया था।
