अमेरिका और चीन के बीच तनातनी किसी से छिपी नहीं है। चाहे दक्षिण चीन सागर का मसला हो, वन बेल्ट वन रोड का मसला हो या चीन के अंदर आंतरिक आजादी का मुद्दा हो अमेरिका चीन को लताड़ लगाता रहता है। अमेरिकी विदेश मंत्री ब्लिंकेन ने कहा कि जिनजियांग प्रांत में नरसंहार चिंता वाली बात है। चीन की सरकार को इस पर तत्काल नियंत्रण करना चाहिए।
'जिनजियांग में नरसंहार रोके चीन'
जिनजियांग में अल्पसंख्यक समाज खासतौर से उइगर समाज पर जिस तरह से अपराध होते हैं उसकी आलोचना वैश्विक स्तर पर होती रहती है। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने गुरुवार को उइगर फोर्स्ड लेबल प्रिवेंशन एक्ट पर दस्तखत किए थे जिसका अर्थ यह था कि अमेरिका में चीन में निर्मित उन सामनों के आयात पर पाबंदी लगेगा जिसमें बंधुआ मजदूरी का इस्तेमाल किया गया होगा।अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकेन का कहना है कि अमेरिका का स्पष्ट मानना है कि मानव मूल्यों का सम्मान होना चाहिए। कोई भी मुल्क जब अपने समाज की बेहतरी के बारे में बड़ी बड़ी बात करता है तो उसे अपने आदर्श वाक्यों को जमीन पर भी उतारना चाहिये।
जिनजियांग में बने सामानों पर अमेरिका की कड़ी नजर
अमेरिका ने कहा कि हम वो सब काम करेंगे जिससे मानव मूल्य बरकरार रहें। चीन सरकार से उनकी अपील है कि वो नरसंहार और दूसरे अपराधों पर रोक लगाने के लिए सामने आए। अमेरिका ने कहा कि उइगर प्रांत में बने सामनों पर अमेरिका की खास नजर रहेगी। अमेरिका उन लोगों को भी जिम्मेदार ठहराएगा जिन लोगों ने सामानों के निर्माण में बंधुआ मजदूरों का इस्तेमाल किया होगा।
जिनजियांग में नरसंहार पर अमेरिका ने चीन को लगाई लताड़, कही बड़ी बात
- Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
- Updated Dec 24, 2021, 06:57 AM IST
जिनजियांग प्रांत में नरसंहार पर अमेरिका ने चीन पर भड़ास निकाली है। अमेरिका ने कहा कि चीन जिन मानव मूल्यों की बात करता है उन्हें अमले में क्यों नहीं ला रहा है।
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