यूटिलिटी

झटपट होगा पेमेंट, नहीं पड़ेगी पासवर्ड की जरूरत; बचेगा समय

What is UPI lite and how to use: यूपीआई लाइट यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) का एक सरलीकृत वर्जन है जिसे छोटे-मूल्य के लेनदेन के लिए डिजाइन किया गया है। यह यूजर्स को बिना किसी पिन की आवश्यकता के प्रति लेनदेन 1000 रुपये तक (पहले यह लिमिट 500 रुपये थी) का इंस्टेंट पेमेंट करने की अनुमति देता है।

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UPI Lite

New UPI rules 2024: यदि आप बिना पासवर्ड के यूपीआई पेमेंट करना चाहते हैं तो आप यूपीआई लाइट का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके लिए पहले 500 रुपये तक की लीमिट थी। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने UPI लाइट के माध्यम से किए जाने वाले ऑफलाइन डिजिटल भुगतानों के लिए लेन-देन सीमा बढ़ा दी है। चलिए जानते हैं यूपीआई लाइट के बारे में और नए नियम के बारे में भी जानेंगे।

क्या है UPI लाइट

यूपीआई लाइट यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) का एक सरलीकृत वर्जन है जिसे छोटे-मूल्य के लेनदेन के लिए डिजाइन किया गया है। यह यूजर्स को बिना किसी पिन की आवश्यकता के प्रति लेनदेन 1000 रुपये तक (पहले यह लिमिट 500 रुपये थी) का इंस्टेंट पेमेंट करने की अनुमति देता है। यह पेमेंट करने, फास्ट पेमेंट और सुविधा बढ़ाने के लिए ऑफलाइन मोड में भी काम करता है।

बिना पिन के ही कर सकते हैं पेमेंट

यूपीआई लाइट का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें आप छोटे-छोटे ट्रांजेक्शन बिना पासवर्ड के ही कर सकते हैं। साथ ही आप सीधे UPI Wallet से भी पेमेंट कर सकते हैं, जिससे बैंक में अनावश्यक छोटे ट्रांजेक्शन से बचा जा सकता है। यूपीआई लाइट पेट्रोल भराने, किराने का सामान खरीदने, रोज मर्रा के ऑनलाइन ट्रांजेक्शन को काफी आसान बना देता है।

कैसे इस्तेमाल करें UPI Lite

  • आप पेटीएम, फोनपे, Gpay आदि पर UPI लाइट को एक्टिवेट कर सकते हैं।
  • इसके लिए आप जिस भी ऐप से UPI पेमेंट करते हैं उसे ओपन करें।
  • UPI लाइट ऑप्शन पर जाएं और मांगी गई जानकारी और वेरिफिकेशन को पूरा करें।
  • अपने UPI लाइट वॉलेट में पैसे जोड़ें (₹5,000 तक)।
  • अब पेमेंट करने के लिए QR कोड स्कैम करें और सीधा पेमेंट को ओके करें।
Vishal Maithil
Vishal Mathelauthor

विशाल मैथिल टाइम्स नाऊ नवभारत में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर 2023 से जुड़े हुए हैं। पत्रकारिता में 6+ वर्षों के अनुभव के साथ वह टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया, गैजेट्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे विषयों पर गहरी समझ रखते हैं। वे ऑटोमोबाइल, बिजनेस, यूटिलिटी और हाइपरलोकल से लेकर एजुकेशन और इंटरनेशनल बीट्स पर भी काम कर चुके हैं। भोपाल से ताल्लुक रखने वाले विशाल ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। रिसर्च के क्षेत्र में उनके कई पेपर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हो चुके हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर, अमर उजाला, मासिक पत्रिका "संदेश" और सोशल मीडिया फर्म में भी काम किया है। टेक-यूटिलिटी और बिजनेस से जुड़ी खबरों को आसान और काम की भाषा में समझाना विशाल को खूब आता है। वो कोशिश करते हैं कि कम शब्दों में ज्यादा और साफ-सुथरी जानकारी मिल जाए। किताबें पढ़ना और संगीत सुनना उनका पसंदीदा काम है। आप इनसे Vishal.mathel@timesgroup.com पर संपर्क कर सकते हैं।

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