Train Ticket Booking: भारतीय रेलवे नेटवर्क दुनिया का चौथा सबसे बड़ा रेलवे नेटवर्क है और रोजाना 20 लाख से ज्यादा लोग रेलवे की ट्रेनों से सफर करते हैं। UTS मोबाइल ऐप के माध्यम से यात्री अनारक्षित ई-टिकटिंग की सुविधा का फायदा उठा सकते हैं। लेकिन UTS ऐप में जियो-फेन्सिंग से संबंधित कुछ पाबंदियां हैं, जिनकी वजह से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। अब जल्द ही रेलवे इन पाबंदियों को हटाने की तैयारी कर रहा है। एक बार काम पूरा हो जाने के बाद यात्री घर बैठे अनारक्षित टिकट बुक कर पाएंगे। फिलहाल यात्री अपने बोर्डिंग स्टेशन से 15 मीटर दूर होने और सिर्फ 2 किलोमीटर के दायरे के अंदर ही अनारक्षित टिकट बुक कर सकते हैं।
UTS में क्या हैं पाबंदियां?
UTS मोबाइल ऐप यात्रियों के फोन के GPS के आधार पर काम करता है। इस सिस्टम की बदौलत यात्री एक निश्चित दायरे के भीतर रहकर ही अनारक्षित टिकट बुक कर सकते हैं। अब CRIS (केंद्रीय रेलवे इन्फोर्मेशन सिस्टम) ने एक सर्कुलर में जानकारी दी है कि जियो-फेन्सिंग की बाहरी लिमिट को हटा दिया जाएगा। UTS में जियो-फेन्सिंग की आतंरिक और बाहरी, दो सीमाएं हैं। आंतरिक सीमा के मुताबिक अनारक्षित टिकट बुक करते हुए आपको बोर्डिंग स्टेशन से 15 मीटर दूर रहना जरूरी है। जबकि बाहरी सीमा के अनुसार आप स्टेशन से केवल 2 किलोमीटर की दूरी तक ही टिकट बुक कर सकते हैं।
यात्रियों को होगा फायदा
UTS में जियो-फेन्सिंग की बाहरी सीमा हटाने के बाद यात्री कहीं से भी अनारक्षित टिकट बुक कर सकते हैं। यहां इस बात का ध्यान भी रखना होगा कि आपको बोर्डिंग स्टेशन से 15 मीटर दूर रहना है। इसके साथ ही यह भी ध्यान रखना है कि यात्रियों को अनारक्षित टिकट बुक करने के 1 घंटे के भीतर ही यात्रा की शुरुआत करनी होगी। साथ ही आप स्टेशन या फिर ट्रेन में भी UTS ऐप का इस्तेमाल करके टिकट बुक नहीं कर सकते।
