Akshay tritiya gold buying: अगर आप अक्षय तृतीया के मौके पर गोल्ड खरीदने का प्लान कर रहे हैं। तो नए नियम जानना बेहद जरूरी है। खास तौर से अगर ज्वैलरी की जगह गोल्ड के सिक्के खरीदने का प्लान है। एक अप्रैल से भारतीय मानक ब्यूरो (BIS)ने HUID को अनिवार्य कर दिया है। लेकिन यह नियम क्या ज्वैलरी के लिए है या फिर इसके दायरे में गोल्ड के सिक्के भी आते हैं। इसको लेकर अगर असमंजस है, तो मौजूदा नियम क्या कहते हैं, आइए जानते हैं..
अप्रैल से लागू हैं नए नियम
एक अप्रैल 2023 से लागू नए नियम के तहत गोल्ड ज्वैलरी पर 6 डिजिट वाले अल्फान्यूमेरिक हॉलमार्किंग होना जरुरी है। जैसे आधार कार्ड पर 12 अंक होते हैं, उसी तरह से सोने पर 6 अंकों का हॉलमार्क कोड होगा। इसे हॉलमार्क यूनीक आइडेंटिफिकेशन नंबर यानी HUID कहा जाता है। इस नंबर के जरिए कोई सोना कितने कैरेट का ये पता करने में मदद मिलेगी। देशभर में सोने पर ट्रेड मार्क देने के लिए 940 सेंटर बनाए गए हैं। अब चार डिजिट वाली हॉलमार्किंग पूरी तरह बंद कर दी गई है।
क्या सिक्कों पर भी होगा लागू
अगर भारतीय मानक ब्यूरो द्वारा जारी नोटिफिकेशन को देखा जाय तो नया आदेश गोल्ड ज्वैलरी और Gold Artefacts पर लागू होंगे। इस नोटिफिकेशन में गोल्ड के सिक्कों का जिक्र नही हैं। अभी गोल्ड के सिक्कों पर हालमार्किंग की जाती है। जिसके लिए देश भर में 40 से ज्यादा रिफाइनरी हैं। हालांकि अभी यह अनिवार्य नहीं है। ईटी के अनुसार इस संबंध में भारतीय मानक ब्यूरो जल्द ही नए नियम जारी करने की तैयारी में है।
ज्वैलरी पर HUID से क्या फायदे
- इससे ग्राहकों को ज्वैलर्स अब धोखा नहीं दे पाएंगे
- सोने से बनी ज्वेलरी कितने कैरेट की है, ग्राहकों को इसकी गारंटी मिलेगी।
- सोना या उससे बने ज्वेलरी को ट्रेस करना बेहद आसान हो जाएगा।
