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CPU के बिना सीधे मेमोरी को प्रोसेस करेगा सॉफ्टवेयर, इजरायली रिसर्चर्स ने किया कमाल!

Modern Computing: शोधकर्ताओं का लक्ष्य "मेमोरी वॉल" समस्या को हल करना है, जहां प्रोसेसर की गति और मेमोरी स्टोरेज क्षमता में वृद्धि डेटा ट्रांसफर गति से आगे निकल जाती है। मेमोरी में कुछ गणनाओं को संभालने से, यह दृष्टिकोण सीपीयू पर निर्भरता को कम करता है, जिससे महत्वपूर्ण समय और ऊर्जा की बचत होती है।

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प्रतीकात्मक फोटो (Image- istock)

Modern Computing: इजरायली शोधकर्ताओं ने एक सॉफ्टवेयर पैकेज विकसित किया है जो सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट (सीपीयू) को दरकिनार करते हुए कंप्यूटर की सीधे मेमोरी में प्रोसेसिंग करने में मदद करता है। इजरायल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ने गुरुवार को एक बयान में इसकी जानकारी दी।

समय और एनर्जी बचेगी

यह नवाचार मेमोरी और सीपीयू के बीच समय और ऊर्जा-गहन डेटा ट्रांसफर से जुड़ा है, जो आधुनिक कंप्यूटिंग में एक बाधा बन गया है। मेमोरी में कुछ गणनाओं को संभालने से, यह दृष्टिकोण सीपीयू पर निर्भरता को कम करता है, जिससे महत्वपूर्ण समय और ऊर्जा की बचत होती है।

हल होगी मेमोरी वॉल समस्या

शोधकर्ताओं का लक्ष्य "मेमोरी वॉल" समस्या को हल करना है, जहां प्रोसेसर की गति और मेमोरी स्टोरेज क्षमता में वृद्धि डेटा ट्रांसफर गति से आगे निकल जाती है। पारंपरिक कंप्यूटर प्रोग्राम मेमोरी संचालन और प्रोसेसिंग के लिए अलग हार्डवेयर पर निर्भर करते हैं, जिसमें डेटा को कंप्यूटेशन के लिए मेमोरी से सीपीयू में स्थानांतरित किया जाता है।

सिन्हुआ समाचार एजेंसी ने बताया कि इन-मेमोरी कंप्यूटिंग का समर्थन करने के लिए, शोधकर्ताओं ने पीवाईपीआईएम नामक एक प्लेटफॉर्म विकसित किया, जो पायथन प्रोग्रामिंग भाषा को डिजिटल प्रोसेसिंग-इन-मेमोरी (पीआईएम) तकनीक के साथ जोड़ता है।

एक सिमुलेशन टूल भी बनाया

पीवाईपीआईएम नए निर्देशों का उपयोग करता है जो मेमोरी में सीधे ऑपरेट करता है। यह प्लेटफॉर्म डेवलपर्स को पायथन जैसी परिचित प्रोग्रामिंग भाषाओं का उपयोग करके पीआईएम कंप्यूटरों के लिए सॉफ्टवेयर लिखने की अनुमति देता है। शोधकर्ताओं ने डेवलपर्स को प्रदर्शन सुधारों का अनुमान लगाने में मदद करने के लिए एक सिमुलेशन टूल भी बनाया।

इनपुट- आईएएनएस

Vishal Maithil
Vishal Mathelauthor

विशाल मैथिल टाइम्स नाऊ नवभारत में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर 2023 से जुड़े हुए हैं। पत्रकारिता में 6+ वर्षों के अनुभव के साथ वह टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया, गैजेट्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे विषयों पर गहरी समझ रखते हैं। वे ऑटोमोबाइल, बिजनेस, यूटिलिटी और हाइपरलोकल से लेकर एजुकेशन और इंटरनेशनल बीट्स पर भी काम कर चुके हैं। भोपाल से ताल्लुक रखने वाले विशाल ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। रिसर्च के क्षेत्र में उनके कई पेपर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हो चुके हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर, अमर उजाला, मासिक पत्रिका "संदेश" और सोशल मीडिया फर्म में भी काम किया है। टेक-यूटिलिटी और बिजनेस से जुड़ी खबरों को आसान और काम की भाषा में समझाना विशाल को खूब आता है। वो कोशिश करते हैं कि कम शब्दों में ज्यादा और साफ-सुथरी जानकारी मिल जाए। किताबें पढ़ना और संगीत सुनना उनका पसंदीदा काम है। आप इनसे Vishal.mathel@timesgroup.com पर संपर्क कर सकते हैं।

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