पेरिस: भारत के 23 वर्षीय युवा मुक्केबाज निशांत देव पेरिस ओलंपिक में भारत के लिए शनिवार देर रात चौथा पदक पक्का करने से चूक गए। निशांत को मैक्सिको के मार्को वर्डे ने पुरुषों के 71 किग्रा भारवर्ग ने मात दी। निशांत को 1-4 के अंतर से हार का सामना करना पड़ा। दोनों के बीच मैच में कड़ी टक्कर हुई। पहले दो राउंड में निशांत लीड कर रहे थे लेकिन तीसरे राउंड में निशांत मार्को को मात नहीं दे पाए और उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा। हरियाणा के करनाल से ताल्लुक रखने वाले निशांत गैर वरीय खिलाड़ी थे और अंतिम 8 में पहुंचने में सफल हुए। दूसरी वरीयता प्राप्त निशांत को अच्छी खेल दिखाने के बाद हार का मुंह देखना पड़ा।
अच्छी शुरुआत निशांत नहीं रख पाए बरकरार
निशांत देव ने आक्रामक अंदाज में शुरुआत की। उन्होंने अैटक के साथ-साथ शानदार तरीके से डिफेंस भी किया। पहला राउंड निशांत देव के नाम रहा। पांच में से 4 जजों ने निशांत के पक्ष में निर्णय दिया। दूसरे राउंड में निशांत ने अपना आक्रामक रुख बरकरार रखा और मैक्सिको के मुक्केबाज को कोई मौका नहीं दिया। निशांत अपने विरोधी के खिलाफ बेहद मजबूत नजर आ रहे थे। उन्होंने मार्को के खिलाफ लगातार दबाव बना रखा और दूसरा राउंड भी अपने नाम कर लिया। लेकिन तीसरे राउंड में वर्डे ने वापसी की कोशिश की और अपने प्रयास में सफल रहे। तीसरे राउंड में दोनों थके हुए नजर आ रहे थे। ऐसे में वर्डे ने अंत में वापसी करते हुए मुकाबला अपने नाम किया और सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया।
लवलीना के रूप में बची है अंतिम भारतीय चुनौती
निशांत की हार के बाद भारत की बॉक्सिंग में पदक की एकमात्र आस लवलीना बोरगोहेन के रूप में बची है। पिछले बार की कांस्य पदक विजेता लवलीना रविवार को अपनी चुनौती क्वार्टर फाइनल में महिलाओं की 75 किग्रा भारवर्ग में पेश करेंगी। चीनी मुक्केबाज ली कियान से उनकी मुकाबला रविवार दोपहर 03:02 बजे होगा।
