Mayank Yadav Injury: लखनऊ सुपर जायंट्स को आईपीएल में अपनी तेज रफ्तार गेंदों से कहर बरपाकर लगातार दो मैचों में जीत दिलाने वाले युवा पेसर मयंक यादव के लिए सीजन जल्दी खत्म हो सकता है। साइड स्ट्रेन की चोट मंगलवार को मुंबई इंडियन्स के खिलाफ मुकाबले के दौरान दोबारा उबर जाने की वजह से वो टूर्नामेंट के बाकी बचे मैचों के लिए बाहर हो सकते हैं।
चोट से उबरने में लगेंगे तीन से चार सप्ताह
पेट की मांसपेशियों में चोट के कारण तेज गेंदबाज मयंक यादव के इंडियन प्रीमियर लीग के राउंड रॉबिन चरण के बाकी बचे मैचों में खेलने की संभावना काफी कम है। मयंक पिछले चार सप्ताह में दूसरी बार चोटिल हुए हैं। पहली बार चोटिल होने के बाद उन्हें मैदान पर वापसी करने में तीन से चार सप्ताह का समय लगा। अगर इस बार भी ऐसा ही होता है तो वो टूर्नामेंट से बाहर हो जाएंगे। लखनऊ को मैदान में उन्हें जल्दी वापस लाने का खामियाजा भुगतना पड़ेगा क्योंकि अपने इस स्टार गेंदबाज की सेवाएं उसे प्लेऑफ दौर में नहीं मिल पाएंगी। जिसकी दहलीज पर वो 12 अंक के साथ बैठी है।
मंयक को लगी है ग्रेड वन की चोट
बीसीसीआई के एक सूत्र ने पीटीआई को गोपनीयता की शर्त पर कहा,'मयंक को चोट लगी है लेकिन यह ग्रेड एक की चोट होने की अधिक संभावना है। इससे उबरने में बहुत अधिक समय नहीं लगेगा। एलएसजी अगर प्ले-ऑफ के लिए क्वालीफाई करता है, तो वह नॉकआउट मैच खेलने के लिए फिट हो सकता है। फिलहाल उनका आईपीएल के बाकी (लीग चरण) मैचों में खेलना संदिग्ध है।'
मिल सकती है विश्व कप की टीम में बतौर रिजर्व प्लेयर जगह
मयंक ने आईपीएल के अपने शुरुआती मैचों में 155 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से गेंदबाजी की और लगातार दो मैचों में मैन ऑफ द मैच रहे। वह अपने तीसरे मैच में चोटिल होने के बाद चार सप्ताह के लिए खेल से दूर हो गये। फिटनेस टेस्ट पास करने के बाद उन्होंने मंगलवार को मुंबई इंडियंस के खिलाफ वापसी की, लेकिन 3.1 ओवर फेंकने के बाद उन्हें डगआउट में वापस जाना पड़ा। उन्होंने इस दौरान 31 रन दिये। मयंक अगर समय पर फिट होते तो टी20 विश्व कप में रिजर्व गेंदबाज के तौर पर उनका चयन हो सकता था लेकिन बीसीसीआई उनके मामले में अभी सावधानी बरत रहा है।
(भाषा इनपुट के साथ)
