अध्यात्म

मोटा पैसा कमाएंगे इन 5 राशियों के लोग, शुक्र और गुरु ने बना लिया है अनडेसाइल योग

Venus Jupiter Undecile Yoga 2026 : 15 जुलाई को अनडेसाइल योग का निर्माण हो गया है। यह योग कुछ राशि वालों के लिए बेहद ही शानदार फल देने वाला साबित होगा। आइए जानते हैं कि किनको इससे लाभ होगा।

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शुक्र और गुरु का योग बनाएगा मालामाल

Venus Jupiter Undecile Yoga 2026 : वैदिक ज्योतिष में शुक्र को धन, वैभव, सुख-सुविधा, प्रेम, विवाह, कला, सौंदर्य और भौतिक सुखों का कारक ग्रह माना जाता है। वहीं देवगुरु बृहस्पति ज्ञान, भाग्य, धर्म, संतान, उच्च शिक्षा, समृद्धि और शुभ फलों के कारक हैं। जब ये दोनों शुभ ग्रह किसी विशेष कोणीय संबंध में आते हैं तो व्यक्ति के जीवन में नए अवसर, आर्थिक उन्नति और भाग्योदय के संकेत मिलते हैं।

15 जुलाई 2026 को दोपहर 3 बजकर 19 मिनट पर शुक्र और गुरु एक-दूसरे से लगभग 33 डिग्री की दूरी पर आ गए हैं, जिससे दोनों ग्रहों के बीच अनडेसाइल (Undecile) योग का निर्माण हुआ है। आधुनिक ज्योतिष में 32°43' (लगभग 33°) के कोण को अनडेसाइल योग माना जाता है। इसे प्रेरणा, सूक्ष्म प्रतिभा, अचानक मिलने वाले अवसर और रचनात्मक क्षमता को जागृत करने वाला योग माना जाता है। इस समय शुक्र सिंह राशि में केतु के साथ हैं, जबकि गुरु कर्क राशि में 15 जुलाई की शाम से अस्त अवस्था में विराजमान हो जाएंगे। इस कारण इस योग के फल पूरी तरह भौतिक न होकर विवेकपूर्ण और परिस्थितिनुसार प्राप्त होंगे।

क्या होता है अनडेसाइल योग

अनडेसाइल योग वैदिक ज्योतिष का पारंपरिक योग नहीं है, बल्कि आधुनिक कोणीय (हार्मोनिक) ज्योतिष में इसका विशेष महत्व माना जाता है। जब दो ग्रह लगभग 33 डिग्री की दूरी पर होते हैं, तब यह योग बनता है। यह व्यक्ति की छिपी हुई प्रतिभा को बाहर लाने, नई सोच विकसित करने, रचनात्मक कार्यों में सफलता दिलाने और अचानक अवसर प्रदान करने वाला योग माना जाता है। यदि इसमें शामिल ग्रह स्वभाव से शुभ हों, जैसे शुक्र और गुरु, तो इसका प्रभाव आर्थिक, बौद्धिक और सामाजिक क्षेत्रों में अधिक दिखाई देता है।

इस योग का प्रभाव कब तक रहेगा

15 जुलाई को बना यह कोणीय संबंध स्थायी नहीं है। दोनों ग्रह लगातार अपनी गति से आगे बढ़ते रहेंगे। लगभग 16 जुलाई को सूर्य के कर्क राशि में प्रवेश और इसके बाद शुक्र की आगे बढ़ती गति के कारण यह 33 डिग्री का सटीक कोण टूटने लगेगा। इस कारण इस योग का सबसे प्रभावशाली असर 15 जुलाई से लगभग 17 जुलाई 2026 तक माना जा सकता है। इसके बाद इसका प्रभाव धीरे-धीरे कम होने लगेगा। आइए जानते हैं कि किन राशि वालों के लिए यह योग सबसे ज्यादा शुभ रहने वाला है।

वृषभ राशि

वृषभ राशि के लिए शुक्र स्वामी ग्रह हैं। यह योग घर-परिवार, वाहन, संपत्ति और घरेलू सुख-सुविधाओं से जुड़े मामलों में शुभ परिणाम दे सकता है। परिवार के साथ संबंध बेहतर होंगे। यदि नया वाहन या घर खरीदने की योजना बना रहे हैं तो भविष्य की योजना बनाने के लिए समय अनुकूल रहेगा। माता का सहयोग मिलेगा।

उपाय: मां लक्ष्मी के मंदिर में कमल का फूल अर्पित करें।

कर्क राशि

गुरु आपकी राशि में हैं, भले ही अस्त अवस्था में हों। शुक्र के साथ बन रहा यह कोण आपके प्रथम और द्वितीय भाव से जुड़े विषयों को मजबूत करेगा। व्यक्तित्व निखरेगा, निर्णय क्षमता बेहतर होगी और परिवार में सुखद वातावरण बनेगा। रुका हुआ धन मिलने या नई आय का स्रोत बनने की संभावना है। नौकरीपेशा लोगों को वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग मिल सकता है।

उपाय: भगवान विष्णु को पीले पुष्प अर्पित करें और गुरुवार को पीली दाल का दान करें।

सिंह राशि

शुक्र आपकी ही राशि में गोचर कर रहे हैं और गुरु द्वादश भाव से शुभ दृष्टि संबंध बना रहे हैं। यह योग आपके व्यक्तित्व में आकर्षण बढ़ाएगा। समाज में सम्मान मिलेगा और नए लोगों से संपर्क भविष्य में लाभदायक साबित होंगे। कला, मनोरंजन, फैशन, मीडिया, अभिनय, डिजिटल कंटेंट और बिजनेस से जुड़े लोगों को अचानक कोई बड़ा अवसर मिल सकता है। आर्थिक स्थिति में भी सुधार के संकेत हैं।

उपाय: मां लक्ष्मी को गुलाब के फूल अर्पित करें और श्रीसूक्त का पाठ करें।

तुला राशि

तुला राशि के लिए शुक्र योगकारक ग्रह हैं। यह योग एकादश भाव से जुड़े लाभ, आय और बड़े संपर्कों को मजबूत करेगा। व्यापारियों को नए ग्राहक मिल सकते हैं। नौकरीपेशा लोगों के लिए प्रमोशन या नई जिम्मेदारी मिलने के योग हैं। सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ेगी और लंबे समय से रुके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं।

उपाय: शुक्रवार को सफेद वस्त्र धारण करें और कन्याओं को मिठाई खिलाएं।

मीन राशि

मीन राशि के स्वामी गुरु हैं, इसलिए यह योग आपके लिए विशेष शुभ माना जा सकता है। प्रतियोगी परीक्षा, शोध, उच्च शिक्षा, अध्यापन, कंसल्टेंसी और धार्मिक कार्यों से जुड़े लोगों को अच्छे परिणाम मिल सकते हैं। करियर में नई दिशा मिलेगी और वरिष्ठ लोगों का सहयोग प्राप्त होगा। विदेश से जुड़े कार्यों में भी सकारात्मक संकेत मिल सकते हैं।

उपाय: 'ॐ बृं बृहस्पतये नमः' मंत्र का जाप करें और केले के वृक्ष की पूजा करें।

किन क्षेत्रों में मिलेगा सबसे अधिक लाभ और इस दौरान क्या करें

यह योग विशेष रूप से बैंकिंग, फाइनेंस, मीडिया, फिल्म, फैशन, ब्यूटी इंडस्ट्री, शिक्षा, कंसल्टेंसी, डिजिटल कंटेंट, आईटी, मार्केटिंग, डिजाइनिंग, संगीत, कला, होटल, लग्जरी बिजनेस और रियल एस्टेट से जुड़े लोगों के लिए नए अवसर लेकर आ सकता है। रचनात्मक सोच और निर्णय क्षमता बेहतर होने से करियर में आगे बढ़ने के अवसर मिल सकते हैं।

इस दौरान जातकों को भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की संयुक्त पूजा करनी चाहिए। शुक्रवार को श्रीसूक्त और गुरुवार को विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें। पीली और सफेद वस्तुओं का दान करें। गुरुजनों का सम्मान करें और आर्थिक निर्णय पूरी योजना बनाकर लें। कला, शिक्षा और ज्ञान से जुड़े कार्यों में समय देना विशेष लाभदायक रहेगा।

डिसक्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है और ज्योतिष विद्या के अच्छे जानकार लेखक द्वारा विश्लेषण करके दी गई है। यह केवल सूचना के लिए दी जा रही है। आपके ऊपर इसका प्रभाव आपकी व्यक्तिगत जन्मकुंडली में ग्रहों की स्थिति और महादशाओं पर भी निर्भर करेगा। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।

Mohit Tiwari
मोहित तिवारी author

मोहित तिवारी को पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 साल का अनुभव है। इन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रतिष्ठित न्यूजपेपर में फील्ड रिपोर्टिंग से की थी। मोहित ... और देखें

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