अध्यात्म

Jagannath Temple: जगन्नाथ पुरी मंदिर के अंदर चूहों और कॉकरोच का आतंक, भगवान की मूर्तियों को पहुंचा रहे नुकसान

  • Authored by: शिवम पांडे
  • Updated Jan 16, 2023, 05:56 PM IST

Rodent Attack in Jagannath Temple Odisha: ओडिशा के जगन्नाथ मंदिर में इन दिनों चूहों का आतंक है। चूहों ने भगवान जगन्नाथ के कपड़ों को कुतर दिया है। कोरोना महामारी के दौरान मंदिर के अंदर चूहों और कॉकरोच की आबादी काफी बढ़ गई है। जानिए क्या कदम उठा रहा है मंदिर प्रशासन।

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Jagannath Temple Odisha

KEY HIGHLIGHTS
  • ओडिशा के जगन्नाथ मंदिर में चूहों का आतंक।
  • भगवान की मूर्तियों को पहुंचा रहे हैं नुकसान।
  • मंदिर प्रशासन को पूजा पाठ में आ रही दिक्कत।

Rodent Attack in Jagannath Temple: उडिशा के पुरी में स्थित प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर में लोग चूहों के आतंक से परेशान हैं। चूहों ने भगवान जगन्नाथ और उनके भाई और बहन भगवान बालभद्र और देवी सुभद्रा के कपड़ों को कुतर दिया है। इसके बाद मंदिर प्रशासन काफी परेशान हो गया है। मंदिर में काम कर रहे सेवादारों का कहना है कि मंदिर के पवित्र गर्भगृह और लकड़ियों की मूर्तियों को चूहों से काफी खतरा है। गौरतलब है कि जगन्नाथ मंदिर में हर साल लाखों की संख्या में लोग भगवान जगन्नाथ के दर्शन के लिए आते हैं।

टाइम्स ऑफ इंडिया से बातचीत में जगन्नाथ पुरी के मंदिर के सेवक सत्यनारायण पुष्पालक ने कहा, 'हमें चूहों और उनके द्वारा फैलाई गई गंदगी के कारण पूजा-पाठ करने में दिक्कत आ रही है। वह भगवान के कपड़ों और उन पर चढ़ाई गई मालाओं को कुतर रहे हैं। इसके अलावा वह देवी देवताओं की मूर्तियों के चेहरे को भी खराब कर रहे हैं।' एक अन्य सेवक भागबन पांडा ने कहा, 'चूहों ने पत्थरों के बीच गैप या फिर फर्श में बिल बना रखे हैं। इससे इस पवित्र स्थल की अवसंरचना को काफी नुकसान पहुंच रहा है।'

कोविड में बढ़ गई आबादी

कोरोना महामारी के दौर में मंदिर के अंदर चूहों और कॉकरोच की आबादी में काफी वृद्धि हो गई है। साल 2020 और साल 2021 में कई महीनों तक मंदिर के दरवाजे भक्तों के लिए बंद रहे थे। मंदिर प्रशासन ने इस पर कहा, 'हमें इस मुद्दे को लेकर जागरूक हैं। हम सभी सावधानियां बरत रहे हैं और कोशिश कर रहे हैं कि चूहों से छुटकारा मिल जाए। फिलहाल तत्काल राहत के लिए अपने चूहेदानी लगाई हुई है। इस चूहेदानी में जो भी चूहे फंसेंगे उन्हें मंदिर के बाहर छोड़ दिया जाएगा।'

मंदिर प्रशासन का कामकाज देख रहे जीतेंद्र साहू ने कहा कि, 'हम लोग चूहे मारने की दवाइयों का बिल्कुल भी इस्तेमाल नहीं कर रहे हैं। मंदिर का पूरा प्रशासन इस परेशानी से अच्छी तरह से वाकिफ है।'

शिवम पांडे
शिवम पांडे author

शिवम् पांडे सिनेमा के आलावा राजनीति, व्यापार और अंतरराष्ट्रीय सम्बन्धों में खास रुचि है। पत्रकारिता में लगभग सात साल का अनुभव रखने वाले शिवम् पांडे बॉ... और देखें

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