अध्यात्म

Paan Ka Patta: हनुमान जी को क्यों चढ़ाया जाता है पान, कहां से शुरू हुई ये परंपरा

Paan Ka Patta: हिंदू धर्म में पान के पत्ते को बहुत ही पवित्र और महत्वपूर्ण माना गया है। पान का पत्ते का इतिहास बहुत ही पुराना है। ये पत्ता सभी देवी देवताओं को बहुत प्रिय होता है, लेकिन हनुमान जी को पान का पत्ता अतिप्रिय है। ऐसे में आइए जानते हैं क्यों चढ़ाया है हनुमान जी को पान का पत्ता।

Image

Paan Ka Patta

Paan Ka Patta: भारत में पान का इतिहास लगभग 5000 साल पुराना माना जाता है। पान केवल खाने के लिए ही नहीं प्रयोग किये जाते, बल्कि देवी देवताओं के पूजा पाठ के लिए भी पाने के पत्ते का उपयोग भरपूर किया जाता है। पूजा में पान के पत्ते का इस्तेमाल करना बहुत ही शुभ माना जाता है। आरती के समय में भी पान के पत्ते का प्रयोग में लाए जाते हैं। पान के पत्ते के ऊपर कपूर रखकर देवताओं की आरती की जाती है। वास्तु शास्त्र में भी पान के बहुत सारे उपाय बताए गए हैं। जिनका प्रयोग करके वास्तु दोषों से छुटकारा पाया जा सकता है। हनुमान जी और गणेश जी की पूजा में खासतौर पर पान अर्पित किया जाता है। आइए जानें हनुमान जी को पान क्यों चढ़ाया जाता है।

हनुमान जी को क्यों चढ़ाया जाता है पान

भगवान हनुमान को पान का पत्ता बहुत ही प्रिय है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मंगलवार और शनिवार को पान का पत्ता चढ़ाना चाहिए। शनि और मंगल दोष को कम करने के लिए हनुमान जी को पान का पत्ता चढ़ाया जाता है। पान की बीड़ा बनवाकर भी हनुमान जी को अर्पित कर सकते हैं। ऐसा करने से साधक को हर प्रकार के कष्ट से मुक्ति मिलती है और उसकी सारी इच्छाएं पूरी होती है।

कहां से शुरू हुई पान चढ़ाने की परंपरा

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार पान का इतिहास 5000 साल पुराना माना जाता है। पान की उत्पति समुद्र मंथन के दौरान गिरने वाली अमृत के बूंदों से हुई है। पूजा पाठ में पान का पत्ता बहुत ही शुद्ध माना जाता है। भगवान हनुमान जी को पान के पत्ते की माला इसलिए अर्पित की जाती है क्योंकि जब भगवान हनुमान लंका पहुंचे तब उन्होंने माता सीता का पता लगाया। जब हनुमान जी ने लंका दहन किया और माता सीता से मिलने गए, तब माता सीता ने उन्हें पान के पत्ते की माला बनाकर दी। उस दिन से ही हनुमान जी को पान का पत्ते की माला अर्पित करने की परंपरा शुरू हो गई। ये पान के पत्ते की माला प्रेम और प्रसन्नता का संकेत था। इस कारण हनुमान जी को पान का पत्ता चढ़ाने से साधक के जीवन में भी प्रसन्नता आती है।

पान के पत्ते का महत्व (Panna Patta Importance)

सनातन धर्म में पान के पत्ते का खास महत्व है। इस पत्ते में देवी देवताओं का वास माना जाता है। पान के पत्ते के मध्य भाग में माता लक्ष्मी का वास माना जाता है। इस कारण इससे देवताओं को अर्पित करने से घर में सुख, शांति आती है। इसके साथ ही पान के पत्ते से आरती करने से घर में सकारात्मकता आती है। पान के भीतर आयुर्वेदिक गुण भी बहुत पाए जाते हैं।
TNN Spirituality Desk
TNN अध्यात्म डेस्क author

अध्यात्म और ज्योतिष की दुनिया बेहद दिलचस्प है। यहां हर समय कुछ नया सिखने और जानने को मिलता है। अगर आपकी अध्यात्म और ज्योतिष में गहरी रुचि है और आप इस विषय से जुड़ी हर एक जानकारी जैसे गृह-नक्षत्रों में होने वाले बदलाव, आगामी व्रत त्यौहार, ज्योतिष और वस्तु उपाय आदि विषयों से अपडेट रहना चाहते हैं, तो आपको इस प्लेटफॉर्म पर ये सबकुछ एक साथ मिल जाएगा

और पढ़ें
End of Article