अजय-काजोल का बेटा 16 साल की उम्र में कर रहा जिम में ऐसा वर्कआउट, नोट करें टीनएजर्स के लिए बेस्ट वर्कआउट रूटीन

टीनएज में वर्कआउट करते समय शरीर की जरूरत और उम्र का ध्यान रखना जरूरी है। बहुत भारी वजन उठाने के बजाय सही तकनीक, हल्की ताकत वाली एक्सरसाइज, खेल, पर्याप्त आराम और संतुलित खानपान पर ध्यान देना चाहिए।

Authored by: Avni BagrolaUpdated Oct 2 2026, 11:48 IST
हल्की स्ट्रेंथ ट्रेनिंग से शुरुआत करेंImage Credit : Canva/Instagram01 / 07

हल्की स्ट्रेंथ ट्रेनिंग से शुरुआत करें

टीनएजर्स के लिए शुरुआत में बहुत भारी वजन उठाना जरूरी नहीं है। बॉडीवेट एक्सरसाइज और हल्के वजन से स्क्वाट, लंज, पुश-अप जैसी एक्सरसाइज की जा सकती हैं।

सही फॉर्म सबसे जरूरी हैImage Credit : Canva/Instagram02 / 07

सही फॉर्म सबसे जरूरी है

किसी भी एक्सरसाइज में वजन बढ़ाने से पहले उसकी सही तकनीक सीखना जरूरी है। गलत तरीके से एक्सरसाइज करने पर मांसपेशियों और जोड़ों पर अनावश्यक दबाव पड़ सकता है।

कार्डियो को रूटीन में रखेंImage Credit : Canva/Instagram03 / 07

कार्डियो को रूटीन में रखें

दौड़ना, साइकिल चलाना, तैरना, तेज चलना या कोई आउटडोर खेल अच्छी कार्डियो एक्टिविटी हो सकती है। इससे फिटनेस के साथ स्टैमिना बढ़ाने में भी मदद मिलती है।

हर दिन हैवी वर्कआउट न करेंImage Credit : Canva/Instagram04 / 07

हर दिन हैवी वर्कआउट न करें

शरीर को एक्सरसाइज के बाद रिकवरी का समय चाहिए। रोज हैवी ट्रेनिंग करने के बजाय वर्कआउट के बीच आराम और हल्की एक्टिविटी को जगह देना बेहतर है।

वार्म-अप और कूल-डाउन न भूलेंImage Credit : Canva/Instagram05 / 07

वार्म-अप और कूल-डाउन न भूलें

वर्कआउट शुरू करने से पहले कुछ मिनट वार्म-अप करें। एक्सरसाइज खत्म करने के बाद हल्की स्ट्रेचिंग और कूल-डाउन भी रूटीन का हिस्सा रखें।

खाना और नींद भी उतने ही जरूरी हैंImage Credit : Canva/Instagram06 / 07

खाना और नींद भी उतने ही जरूरी हैं

टीनएज में शरीर तेजी से विकसित होता है। इसलिए पर्याप्त प्रोटीन, फल, सब्जियां, साबुत अनाज और पानी के साथ रोज पर्याप्त नींद लेना भी फिटनेस रूटीन का हिस्सा होना चाहिए।

 ट्रेनर की निगरानी में करें हैवी एक्सरसाइजImage Credit : Canva/Instagram07 / 07

ट्रेनर की निगरानी में करें हैवी एक्सरसाइज

अगर कोई टीनएजर जिम में वजन के साथ ट्रेनिंग करना चाहता है, तो योग्य ट्रेनर की निगरानी जरूरी है। हर बच्चे की उम्र, फिटनेस और शारीरिक विकास अलग होता है, इसलिए रूटीन भी उसी के अनुसार होना चाहिए।

End of Photo Gallery
Subscribe to our daily Newsletter!