हरिद्वार स्पर 50.7 किमी लंबा होगा। इस स्पर की शुरुआत फेस-2 पर मौजूद हलगोया गांव यानी किलोमीटर 108 से होती है। एक्सप्रेसवे रुड़की होते हुए बहादराबाद टोल प्लाजा को क्रॉस करने के बाद हरिद्वार तक जाता है।
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर हलगोया गांव के पास जो एंट्री और एग्जिट बनाया गया है, उस पर भी कुछ काम बचा हुआ है। यहां से आगे बढ़ने पर भी स्ट्रक्चर्स के ऊपर रोड लेइंग का काम बचा हुआ है।
मुजफ्फरनगर-सहारनपुर हाईवे और भारतीय रेलवे के सहारनपुर-मेरठ सेक्शन यहां रास्ते में पड़ता है। जिस पर अभी काफी काम बचा है। मुजफ्फरनगर-सहारनपुर स्टेट हाईवे पर इंटरचेंज बनाया जा रहा है, जिस पर काम अभी जारी है।
झबरेडा-सहारनपुर रोड पर बनाए जा रहे फ्लाइओवर के ऊपर डेक स्लैब का काम हो चुका है। हालांकि, यहां पर अर्थवर्क का काम अभी काफी बचा है। यहां से पुहाना रोड तक ज्यादातर रोड लेइंग का काम पूरा हो चुका है, कुछ जगहों पर थोड़ा-बहुत काम जरूर बचा है।
हरिद्वार-देहरादून रेलवे लाइन के ऊपर बनने वाले रेलवे ओवर ब्रिज का काम अभी काफी बचा हुआ है। यहां पर पीयर्स कैब के साथ पीयर्स तैयार हो चुके हैं। लेकिन यहां पर अभी काफी काम बचा हुआ है।
रुड़की बायपास के साथ भविष्य में इंटरचेंज बनाया जाएगा। बायपास के पास में अभी गर्डर लॉन्चिंग का काम भी पूरा नहीं हो पाया है। यहां से आगे की ओर जाने पर भी आपको अर्थवर्क का ही काम देखने को मिलेगा।
अपर गंगा कैनाल के ऊपर बन रहे ब्रिज पर अभी डेक स्लैब काम काफी कम बचा है। कैनाल पार होने के बाद भी अभी अर्थ वर्क का ही काम किया जा रहा है। सभी तस्वीरें और जानकारी 18 अक्टूबर 2025 तक की हैं। सभी तस्वीरें और जानकारी x.com/DetoxTravellerr से साभार ली गई हैं।
बडहेरी के पास ग्रीनफील्ड सेक्शन पूरा होता है और यहां तक काफी काम अभी बचा है। यहां से एक और एलिवेटेड सेक्शन की शुरुआत होती है। यहां से आगे बहादराबाद टोल प्लाजा तक काफी काम हो चुका है। बहादराबाद टोल प्लाजा के बाद बनाए जा रहे फ्लाइओवर का काम अभी चल रहा है और इस फ्लाइओवर के साथ यह स्पर खत्म हो जाता है।