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Javed Akhtar Shayari: शायरी के हर हर्फ से आती है मोहब्बत की खुशबू, पढ़ें इश्क की चाशनी में डूबे जावेद अख्तर के मशहूर शेर

Javed Akhtar Love Shayari: शब्दों का बेहतरीन इस्तेमाल और उन्हें बयां करने का हुनर जावेद को दूसरे शायरों से काफी अलग मुकाम पर खड़ा करता है। जावेद अख्तर उम्र के इस पड़ाव पर भी अपनी बेहतरीन शायरियों और लेखन से आए दिन लोगों को हैरान करते रहते हैं। आइए डालते हैं नजर इश्क की चाशनी में डूबे जावेद अख्तर के चंद मशहूर शेर।

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Javed Akhtar Best Shayari, Love Shayari by Javed Akhtar in Hindi 2 line

Javed Akhtar Shayari In Hindi: जावेद अख्तर- ये एक ऐसा नाम है जिससे गजल और फनकारी का हर मुरीद वाकिफ होगा। जावेद अख्तर की कलम से ना जाने कितने ही मशहूर शेर और कविताएं निकली हैं। जावेद अख्तर की नज्मों का हर एक हर्फ सीधे दिल तक उतरते हैं। 17 जनवरी 1945 को ग्वालियर में जन्मे जावेद अख्तर को फनकारी विरासत में मिली है। उनके पिता जां निसार अख़्तर प्रसिद्ध प्रगतिशील कवि और माता सफिया अखतर मशहूर उर्दू लेखिका और शिक्षिका थीं। इतना ही नहीं जावेद अख्तर के मामू जान भी बड़े फनकार था। उनका नाम था मजाज। जावेद अख्तर की कलम में ऐसा जादू है कि वो किसी को भी मोह ले। आइए डालते हैं जावेद अख्तर की कलम से निकले मोहब्बत के जादू को बयां करते चंद मशहूर शेर:

याद उसे भी

याद उसे भी एक अधूरा अफ़्साना तो होगा

कल रस्ते में उस ने हम को पहचाना तो होगा

जिधर जाते हैं

जिधर जाते हैं सब जाना उधर अच्छा नहीं लगता

मुझे पामाल रस्तों का सफ़र अच्छा नहीं लगता

कभी कभी मैं ये सोचता हूं

कभी कभी मैं ये सोचता हूं कि मुझ को तेरी तलाश क्यूं है

कि जब हैं सारे ही तार टूटे तो साज में इर्तिआश क्यूं है

अगर पलक पे है

अगर पलक पे है मोती तो ये नहीं काफी

हुनर भी चाहिए अल्फाज में पिरोने का

इक मोहब्बत की..

इक मोहब्बत की ये तस्वीर है दो रंगों में

शौक सब मेरा है और सारी हया उसकी है

मिसाल..

मिसाल कहां है जमाने में

कि सारे खोने के गम पाये हमने पाने में

कोई अगर पूछता ये

कोई अगर पूछता ये हम से बताते हम गर तो क्या बताते

भला हो सब का कि ये न पूछा कि दिल पे ऐसी खराश क्यूं है

दर्द के फूल

दर्द के फूल भी खिलते हैं बिखर जाते हैं

जख्म कैसे भी हों कुछ रोज में भर जाते हैं

इस शहर में...

इस शहर में जीने के अंदाज निराले हैं

होठों पे लतीफे आवाज में छाले हैं

बंध गई थी दिल

बंध गई थी दिल में कुछ उम्मीद सी,

खैर तुमने जो किया अच्छा किया...

तुम फ़ुज़ूल बातों का

तुम फ़ुज़ूल बातों का दिल पे बोझ मत लेना

हम तो ख़ैर कर लेंगे ज़िंदगी बसर तन्हा

छोड़ कर जिसको गए थे

छोड़ कर जिसको गए थे वो कोई और था

अब मैं कोई और हूं वापस तो आकर देखिये

समझ लिया था

समझ लिया था कभी एक शराब को दरिया

पर एक सुकून था हमको फरेब खाने में

बता दें कि जावेद अख्तर ने अपने कलम के जादू से फिल्मी दुनिया को भी खूब रोशन किया। जावेद अख्तर ने ना सिर्फ फिल्मों के लिए गीत लिखे बल्कि दमदार संवाद और पटकथाओं से भी पूरी दुनिया में अपनी धाक जमाई। अगर आपको जावेद अख्तर के ये चुनिंदा शेर पसंद आए हों तो आप इन्हें अपने सोशल मीडिया अकाउंट से शेयर भी कर सकते हैं।

Suneet Singh
सुनीत सिंहauthor

सुनीत सिंह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में डिप्टी न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और लाइफस्टाइल सेक्शन में स्पेशल स्टोरीज प्रोजेक्ट का नेतृत्व कर रहे हैं। टीवी और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों के अनुभव के साथ, सुनीत उन बहुमुखी पत्रकारों में शामिल हैं जिन्होंने न्यूजरूम और फील्ड—दोनों मोर्चों पर खुद को साबित किया है। माइक, कैमरा और एडिटिंग डेस्क तीनों से उनकी सहज जुगलबंदी ने उन्हें एक संतुलित और विश्वसनीय मीडिया प्रोफेशनल के रूप में स्थापित किया है। पिछले 10 वर्षों से सुनीत लाइफस्टाइल, लिटरेचर, सिनेमा और संस्कृति से जुड़ी गहन व विश्लेषणात्मक स्टोरीज लिखते रहे हैं और अबतक 12,000 से अधिक आर्टिकल पब्लिश कर चुके हैं। उनकी लेखन शैली गहराई, मौलिक दृष्टिकोण और रिसर्च-आधारित प्रस्तुति से पहचानी जाती है। वे विषयों की बारीकियों को पकड़कर उन्हें सरल, प्रभावी और पाठकों से जुड़ने वाली भाषा में ढालने में दक्ष हैं।

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