Bihar Election Final Results के बीच पढ़ें हार जीत पर शायरी (Photo: iStock)
Haar Jeet Shayari in Hindi: शुक्रवार 14 नवंबर को बिहार विधानसभा चुनावों के नतीजे आए। चुनाव में किसी की जीत हुई तो किसी के खाते में हार आई। जीत का जश्न मनाया जा रहा है। वहीं जो लोग हार गए हैं उनमें मायूसी नजर आ रही है। हालांकि ऐसा होना चाहिए। जीवन में जीत हार लगी रहती है। जरूरी है हार से मिले सबक को याद रखें और अगली बार और भी मजबूती से मैदान में उतरें। इसी हार जीत पर कई शायरों ने एक से बढ़कर एक बेहतरीन शेर लिखे हैं। ये शेर ना सिर्फ आपके हार के गम को कम करेंगे बल्कि फिर से उठ खड़े होने का हौसला भी देते हैं। आइए पढ़ें हार जीत पर शायरी हिंदी में:
1. इसी होनी को तो क़िस्मत का लिखा कहते हैं
जीतने का जहां मौक़ा था वहीं मात हुई
- मंज़र भोपाली
2. हार को जीत के इम्कान से बांधे हुए रख
अपनी मुश्किल किसी आसान से बांधे हुए रख
- अज़लान शाह
3. जीत की और न हार की ज़िद है
दिल को शायद क़रार की ज़िद है
- अलीना इतरत
4. मिलों के शहर में घटता हुआ दिन सोचता होगा
धुएं को जीतने वालों का सूरज दूसरा होगा
- फ़ज़्ल ताबिश
5. मैं तो बाज़ी हार कर बे-फ़िक्र हो कर चल दिया
जीतने वालों को चसका लग गया अच्छा नहीं
- वफ़ा सिद्दीक़ी
6. सब जीतने की ज़िद पे यहां हारने लगे
सदियों से कोई शख़्स सिकंदर नहीं हुआ
- वफ़ा नक़वी
7. उलझनें इतनी थीं मंज़र और पस-मंज़र के बीच
रह गई सारी मसाफ़त मील के पत्थर के बीच
- हुसैन ताज रिज़वी
8. वो इस कमाल से खेला था इश्क़ की बाज़ी
मैं अपनी फ़तह समझता था मात होने तक
- ताजदार आदिल
9. हाथ आई हुई बाज़ी पे बहुत नाज़ न कर
जीतने वाले तुझे मात भी हो सकती है
- मासूम अंसारी
10. सूरज से जंग जीतने निकले थे बेवक़ूफ़
सारे सिपाही मोम के थे घुल के आ गए
- राहत इंदौरी
11. जीतने का न कोई शौक़ न तौफ़ीक़ हमें
लेकिन इस तरह तो हारे भी नहीं जा सकते
- फ़रहत एहसास
12. मैं क़त्ल हो के ज़माने में सरफ़राज़ रहा
कि मेरी जीत का पहलू भी मेरी हार में था
- गुहर खैराबादी
13. हमेशा ये ही तो होता रहा है मेरे अज़ीज़
किसी की जीत तो कोई किसी से हार गया
- नज़ीर मेरठी
14. जुगनुओं ने फिर अँधेरों से लड़ाई जीत ली
चाँद सूरज घर के रौशन-दान में रक्खे रहे
- राहत इंदौरी
15. मैदां में हार जीत का यूं फ़ैसला हुआ
दुनिया थी उन के साथ हमारा ख़ुदा हुआ
- जमील मलिक
16. जीत और हार का इम्कान कहाँ देखते हैं
गाँव के लोग हैं नुक़सान कहाँ देखते हैं
-राना आमिर लियाक़त
17. हम हार गए तुम जीत गए हम ने खोया तुम ने पाया
इन छोटी छोटी बातों का हम कोई ख़याल नहीं करते
-वाली आसी
18. उल्फ़त में हार जीत का लगता नहीं पता
वो शर्त जो लगी भी नहीं थी लगी रही
- सौलत ज़ैदी
उम्मीद करते हैं कि हार जीत पर लिखे ये शेर आपको जरूर पसंद आए होंगे। अगर पसंद आए हों तो हार जीत पर शायरी को आप अपने सोशल मीडिया अकाउंट से शेयर कर सकते हैं।
latest lifestyle stories