सऊदी से 4 माह बाद रांची पहुंचा प्रवासी श्रमिक का शव,परिजनों ने किया लेने से इनकार; अक्टूबर में कर दी गई थी हत्या
- Edited by: शिव शुक्ला
- Updated Feb 15, 2026, 11:42 PM IST
सऊदी अरब में चार महीने पहले मारे गए झारखंड के प्रवासी श्रमिक विजय कुमार महतो का शव रांची पहुंचा, लेकिन परिवार ने लंबित मुआवजे के मुद्दे पर उसे लेने से इनकार कर दिया। प्रशासन ने 5 लाख रुपये की सहायता स्वीकृत की है,जबकि अंतिम मुआवजा जेद्दा की अदालत के फैसले पर निर्भर है।
रांची एयरपोर्ट।
झारखंड के गिरिडीह जिले के एक प्रवासी मजदूर का शव चार महीने बाद रांची हवाई अड्डे पर पहुंच गया है। हालांकि उसके परिवार ने लंबित मुआवजे के कारण शव लेने से इनकार कर दिया है। प्रवासी श्रमिक विजय कुमार महतो की बीते साल अक्टूबर में सऊदी अरब में हत्या कर दी गई थी। अधिकारियों ने इस बारे में जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि जबकि मृतक के परिजनों ने शव लेने से मना कर दिया है ऐसे में शव को फिलहाल रांची स्थित राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स) की मोर्चरी में रखा गया है।
अक्टूबर में सऊदी अरब में हो गई थी हत्या
राज्य प्रवासी नियंत्रण प्रकोष्ठ की टीम लीडर शिखा लाकड़ा ने बताया कि महतो की मौत अक्टूबर में सऊदी अरब में कथित गोलीबारी की घटना में हुई थी। मामला जेद्दा की अदालत में लंबित है और अंतिम मुआवजा अदालत के फैसले पर निर्भर करेगा। भारतीय दूतावास की सूचना के बाद जिला प्रशासन के सहयोग से शव को भारत लाया गया।
कंपनी से लिखित आश्वासन की मांग,प्रशासन कर रहा समझाने का प्रयास
मृतक के परिजनों का कहना है कि वे तभी शव स्वीकार करेंगे जब संबंधित कंपनी मुआवजे को लेकर लिखित आश्वासन देगी। मृतक के साले राम प्रसाद महतो ने कहा कि जब तक कंपनी लिखित गारंटी नहीं देगी,हम शव नहीं लेंगे।
5 लाख रुपये की सहायता की गई है स्वीकृत
गिरिडीह के उपायुक्त राम निवास यादव ने बताया कि राज्य सरकार की योजना के तहत प्रवासी श्रमिक की विदेश में मृत्यु होने पर 5 लाख रुपये की सहायता स्वीकृत कर दी गई है,हालांकि भुगतान की प्रक्रिया में समय लग सकता है। प्रशासन परिवार को अंतिम संस्कार के लिए राजी करने की कोशिश कर रहा है।
सऊदी में टावर लाइन फिटर का काम करते थे मृतक विजय कुमार महतो
विजय कुमार महतो डुमरी प्रखंड के दूधपनिया गांव के निवासी थे और सऊदी में टावर लाइन फिटर के रूप में कार्यरत थे। उनके परिवार में पत्नी, पांच और तीन वर्ष के दो बच्चे तथा बुजुर्ग माता-पिता हैं। सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी मामले में शीघ्र समाधान की मांग की है।
देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (News in Hindi) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। देश (India News) अपडेट और चुनाव (Elections) की ताजा समाचार के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से ।
