Siya And Chetan Custody: पुणे की एक अदालत ने रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल की हत्या के आरोपी सिया और उसके प्रेमी चेतन की पुलिस हिरासत बढ़ा दी है। हिरासत समाप्त होने के बाद दोनों को 29 जून को वडगांव मावल अदालत में पेश किया गया था। पुलिस ने जांच का एक महत्वपूर्ण हिस्सा लंबित होने का हवाला देते हुए पांच दिनों की अतिरिक्त हिरासत की मांग की। उन्होंने अदालत को बाली में प्री-वेडिंग शूट ट्रिप से पहले मुंबई हवाई अड्डे से केतन के लापता पासपोर्ट के रहस्य के बारे में भी बताया।
सिया ने कथित तौर पर केतन का पासपोर्ट फाड़ा
पुलिस ने अदालत को बताया कि सिया ने कथित तौर पर उसका पासपोर्ट फाड़कर जला दिया था और उसके बचे हुए हिस्सों को बरामद करने के प्रयास जारी हैं। पुलिस ने अदालत को यह भी बताया कि चेतन ने कथित तौर पर हत्या के बाद अपने कपड़े बदल लिए थे, इसलिए हत्या के बाद से उसकी गतिविधियों का पता लगाना उनके लिए अहम है। जांचकर्ता यह भी पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि घटना के बाद दोनों आरोपियों के बीच फोन पर क्या बातचीत हुई थी।
जांच के तहत, पुलिस ने अब तक दोनों आरोपियों से आमने-सामने पूछताछ की है और आरोपियों द्वारा किए गए अपराध को समझने के लिए लोहागढ़ किले में हत्या के दृश्य का नाट्य रूपांतरण किया है। सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए, पुलिस ने 28 जून को किले को अस्थायी रूप से जनता के लिए बंद करने के बाद रीक्रिएशन किया। पुलिस ने हत्या के दृश्य को नाट्य रूप देने के लिए डमी का इस्तेमाल किया।
चेतन को दिए थे एक करोड़ रुपये
जांच के अनुसार, सिया चेतन से शादी करना चाहती थी, लेकिन उसकी आर्थिक स्थिति कमजोर थी और वह उससे तीन साल का समय मांग रहा था। तब सिया ने कथित तौर पर शादी की खरीदारी के बहाने केतन से 1 करोड़ रुपये मांगे और उसे अपने करियर और व्यवसाय में निवेश करने के लिए दे दिए। रिपोर्ट्स से पता चलता है कि आरोपियों ने फिर केतन की हत्या करने और इसे एक दुर्घटना के रूप में दिखाने की योजना बनाई। सिया ने शोक मनाने का इरादा किया और इस मौके का लाभ उठाते हुए तीन साल के लिए किसी भी अन्य शादी के प्रस्ताव को टालने का फैसला लिया।
कैसे चेतन और सिया ने रची थी साजिश?
जांच एजेंसियों के मुताबिक, घटना से पहले एक तय संकेत भी बनाया गया था। दावा है कि सिया को कहा गया था कि वह पानी पीने या जूते का फीता बांधने के बहाने बैठ जाएं। इसे कथित तौर पर चेतन के लिए संकेत माना गया था कि हमला करने का समय आ गया है। जांचकर्ताओं का मानना है कि इससे एक तरफ चेतन को इशारा मिल जाता और दूसरी तरफ सिया खुद सुरक्षित दूरी पर रहतीं।
कॉल रिकॉर्ड से हुए अहम खुलासे
पुलिस सूत्रों के अनुसार, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) से यह भी सामने आया है कि घटना से लगभग 34 मिनट पहले सिया और चेतन के बीच बातचीत हुई थी। जांच एजेंसियां इसे कथित तौर पर अंतिम बातचीत मानकर जांच कर रही हैं। जांच में यह भी दावा किया गया है कि मई के अंत तक कथित साजिश तैयार हो चुकी थी और 14 जून को भी कथित तौर पर एक कोशिश की गई थी। सूत्रों के अनुसार, उस समय केतन खुद को बचाने में सफल रहे थे और बाद में इसे दुर्घटना बताया गया था।
सिया और उसके भाई में हुई थी बहस
मामले में एक और पहलू उस ड्राइवर के बयान से जुड़ा है जिसे परिवार ने प्री-वेडिंग बाली ट्रिप के लिए बुक किया था। ड्राइवर वैभव जाधव ने जांचकर्ताओं को बताया कि सिया यात्रा के लिए तैयार नहीं दिख रही थीं और उनके भाई साहिल ने उन्हें गाड़ी में बैठाया था। ड्राइवर के मुताबिक, रास्ते में दोनों के बीच बहस भी हुई थी। बाद में केतन और उनके परिवार के अन्य सदस्य भी साथ जुड़े, लेकिन मुंबई एयरपोर्ट पहुंचने पर कथित तौर पर केतन को पता चला कि उनका पासपोर्ट नहीं है और यात्रा रद्द करनी पड़ी। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। आरोपियों के खिलाफ लगे आरोपों पर अंतिम स्थिति अदालत की कार्यवाही और जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
