Amit Shah News: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR प्रक्रिया पर विपक्ष के आरोपों का जवाब देने के लिए सरकार तैयार है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुरुवार को कहा कि SIR पर चर्चा करने के लिए सरकार संसद का विशेष सत्र बुलाने के लिए तैयार है। शाह ने कहा कि 2014 और 2019 में एसआईआर नहीं हुआ था फिर भी चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की जीत हुई। भाजपा नेता ने कहा कि चुनावों में कांग्रेस की लगातार हार देखकर राहुल बौखला गए हैं। शाह ने पू्छा कि राहुल गांधी हाल ही में वियतनाम के दौरे पर गए थे, उन्हें बताना चाहिए कि वहां पर वह किससे मिले।
SIR पर विशेष सत्र बुलाने को तैयार-शाह
करनाल में 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' अभियान के दौरान लोगों को संबोधित करते हुए अमित शाह ने पूछा कि जिन लोगों की मृत्यु हो चुकी है, क्या वे चुनाव में मतदान कर सकते हैं? हम एसआईआर पर चर्चा करने के लिए तैयार हैं और विपक्ष चाहे तो हम संसद का विशेष सत्र भी बुला सकते हैं। शाह ने कहा कि ये लोग चुनाव आयोग पर केवल आरोप लगाते हैं, उसके सामने नहीं आते। राहुल पर निशाना साधते हुए शाह ने कहा कि कांग्रेस सांसद घुसपैठियों के लिए अपनी छाती पीटते हैं लेकिन हम एक-एक घुसपैठिए को देश से बाहर करेंगे।
'आधा भी भरा नहीं था रामलीला मैदान'
बीते एक नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित इंडिया ब्लॉक की रैली पर तंज कसते हुए शाह ने कहा कि कांग्रेस ने इस रैली में देश भर से 10 लाख लोगों आने का दावा किया था लेकिन राम लीला मैदान आधा भी भरा नहीं था। उन्होंने कहा, 'मैं राहुल से पूछना चाहता हूं। दस साल की शादी में बारह बच्चे हो सकते हैं क्या? छोटे घर में 132 लोग रह सकते हैं क्या? इसको सुधारने का काम चुनाव आयोग करता है। आपने दिल्ली में 10 लाख लोगों के आने की बात कही थी। रामलीला मैदान की क्षमता सत्तर हजार की है। वो भी नहीं आए। दिन कौन सा चुना एक नवंबर और ये सिखों के नरसंहार का दिन था।
तेलंगाना-हिमाचल में कांग्रेस ने वादा पूरा नहीं किया-शाह
शाह ने राहुल पर तंज कसते हुए कहा कि तेलंगाना और हिमाचल प्रदेश में 'खटाखट' की गारंटी दी थी लेकिन कुछ नहीं हुआ। हरियाणा में हमारी गारंटी पूरी हो रही है। राहुल आपको देश की जनता स्वीकार नहीं कर रही है। राहुल आप विएतनाम गए थे। कितने दिन थे। किससे मिले क्यों नहीं बता रहे हैं। आप भी संवैधानिक पद पर हैं जनता को जानने का हक है। हम तो टायलेट भी शेयर करते हैं। सार्वजनिक जीवन में ऐसा बर्ताव नहीं करना चाहिए, पारदर्शी रहना पड़ता है।
