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जम्मू-कश्मीर में चुनाव से पहले गुलाम नबी आजाद को झटका, वफादार साथी ने छोड़ा साथ; अब करेंगे घर वापसी

Jammu Kahamir: जम्मू-कश्मीर के पूर्व मंत्री ताज मोहिउद्दीन ने गुलाम नबी आजाद का साथ छोड़ दिया। उन्होंने कहा कि मैं कुछ दिनों में फिर से कांग्रेस में शामिल हो जाऊंगा। आजाद साहब ने मुझे बहुत सम्मान दिया, लेकिन शायद लोगों ने हमें इन चुनावों (लोकसभा चुनाव 2024) में स्वीकार नहीं किया।

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फाइल फोटो।

Photo : Times Now Digital

जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव से पहले गुलाम नबी आजाद की पार्टी डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आज़ाद पार्टी को बड़ा झटका लगा है। गुलाम नबी आजाद के वफादार साथी ने उनका साथ छोड़ दिया है। जम्मू-कश्मीर के पूर्व मंत्री ताज मोहिउद्दीन ने पार्टी से इस्तीफे की घोषणा की है। इसके साथ ही मोहिउद्दीन ने बताया कि वह जल्द ही कांग्रेस में शामिल होंगे। उन्होंने कांग्रेस में अपनी वापसी को "घर वापसी" बताया।

फिर से कांग्रेस में होंगे शामिल

पूर्व मंत्री ताज मोहिउद्दीन ने कहा कि वह गुलाम नबी आज़ाद की सहमति से कांग्रेस पार्टी में शामिल हो रहे हैं और उनकी इच्छा है कि आजाद भी पार्टी में लौट आएं। साथ ही उन्होंने विधानसभा चुनाव लड़ने की भी इच्छा जताई है और कहा कि अगर कांग्रेस उन्हें टिकट देती है, तो वह चुनाव लड़ने के लिए तैयार हैं।

जम्मू कश्मीर में तीन चरण में चुनाव

आपको बता दें कि चुनाव आयोग ने शुक्रवार को केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव कराने की घोषणा की है। केंद्र शासित प्रदेश में विधानसभा चुनाव 18 सितंबर से एक अक्टूबर तक तीन चरणों में होंगे। मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने बताया कि जम्मू-कश्मीर में पहला चरण 18 सितंबर और दूसरा चरण 25 सितंबर और तीसरा चरण हरियाणा के साथ एक अक्टूबर को होगा। साथ ही हरियाणा और जम्मू-कश्मीर के लिए मतों की गिनती 4 अक्टूबर को होगी।

जम्मू कश्मीर में 10 बाद विधानसभा चुनाव

चुनाव आयोग के अनुसार, जम्मू -कश्मीर में कुल 87.09 लाख मतदाता हैं। इनमें से 44.46 लाख पुरुष, 42.62 महिलाएं समेत अन्य मतदाता शामिल हैं। वहीं, 3.71 लाख मतदाता पहली बार मतदान करेंगे। पिछले साल दिसंबर में सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को 30 सितंबर 2024 तक चुनाव प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया था। जम्मू-कश्मीर में 10 साल के अंतराल के बाद चुनाव होने जा रहे हैं, क्योंकि पिछला विधानसभा चुनाव 2014 में हुआ था। पीडीपी-बीजेपी गठबंधन सरकार जून 2018 में गिर गई थी, जब पीडीपी ने तत्कालीन मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से समर्थन वापस ले लिया था।

Devshanker Chovdhary
Devshanker Chovdhary author

<p>देवशंकर चौधरी मार्च 2024 से Timesnowhindi.com के साथ करियर को आगे बढ़ा रहे हैं और बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। टाइम्स नाउ सिटी टीम में वह इंफ्रा, डेवलपमेंट, पॉलिटिक्स और लोगों से जुड़ी स्टोरी करते हैं। हर स्टोरी में अलग एंगल निकालने पर फोकस रहता है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं।&nbsp;बीते वर्षों में टेलीविजन और डिजिटल मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं। इससे पहले इन्होंने दैनिक जागरण, यूनीवार्ता, एबीपी न्यूज और रोहतास पत्रिका में काम किया है। दैनिक जागरण में रियल टाइम डेस्क पर काम कर चुके हैं, जहां वर्ल्ड अफेयर्स और नेशनल बीट की खबरें करते थे। यूनीवार्ता में नेशनल और विदेश डेस्क पर काम कर चुके हैं। एबीपी न्यूज में डिजिटल टीम का हिस्सा रह चुके हैं। रोहतास पत्रिका में काम करने के दौरान कोविड काल में बिहार के कई जिलों में घूम-घूम कर काम करने का अनुभव है। ग्रेजुएशन के दौरान ही पत्रकारिता से जुड़ गए थे, जिस दौरान दैनिक अखबारों के साथ काम किया है। अकाउंटिंग एंड मैनेजमेंट ऑनर्स में स्नातक और जनसंचार में स्नातकोत्तर हैं।</p>

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