Rajnath Singh : रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बुधवार को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान भारतीय सैनिकों की बहादुरी की सराहना की और इसे ‘‘भारत का सबसे बड़ा आतंकवाद विरोधी अभियान’’ और आतंकवाद के खिलाफ देश के अटूट संकल्प का प्रमाण बताया। अपने संसदीय क्षेत्र के त्रिवेणी नगर में आयोजित ‘वरिष्ठ नागरिक संवाद’ में सिंह ने बड़ी संख्या में उपस्थित भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के 70 से 85 वर्ष की आयु के वरिष्ठ नेताओं के प्रति गहरी कृतज्ञता व्यक्त की।
इस कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, भाजपा की लखनऊ इकाई के अध्यक्ष आनंद द्विवेदी और विधायक नीरज बोरा भी शामिल हुए।
सिंह ने अपने संबोधन की शुरुआत पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं के योगदान को स्वीकार करते हुए की और कहा कि उन्हें समुदाय के साथ उनकी निरंतर भागीदारी और जुड़ाव देखकर ‘गहरी भावनात्मक गूंज’ महसूस हुई। उन्होंने कहा, ‘आपने हमें सिखाया है कि जमीनी स्तर पर लोगों के साथ सार्थक संबंध कैसे बनाए रखें।’
'आतंकवाद के खिलाफ किसी भी हद तक जा सकते हैं'
‘ऑपरेशन सिंदूर’ की हालिया सफलता पर प्रकाश डालते हुए सिंह ने कहा, ‘पहलगाम हमले का बदला लेने में हमारे सैनिकों ने असाधारण साहस और रणनीति का प्रदर्शन किया। मैंने व्यक्तिगत रूप से अपने सैनिकों को उनकी वीरता के लिए बधाई दी और धन्यवाद दिया।’उन्होंने कहा कि भारत ने दुनिया को एक कड़ा संदेश दिया है कि वह आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में किसी भी हद तक जा सकता है। हमले की सटीकता पर जोर देते हुए सिंह ने कहा कि नागरिक क्षेत्रों से बचने के लिए सावधानी बरती गई।
लखनऊ के लिए आगामी पहलों की घोषणा की
उन्होंने कहा, ‘लक्ष्य पर पूरी सटीकता से हमला किया गया। किसी भी नागरिक या गैर-सैन्य संरचना को कोई नुकसान नहीं पहुंचा। यह हमारे बलों के अनुशासन और नैतिक शक्ति को दर्शाता है।’ उन्होंने ‘ऑपरेशन’ के नेतृत्व के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को भी श्रेय दिया। विकास के मोर्चे पर, सिंह ने स्वीकार किया कि वह लखनऊ में प्रगति की वर्तमान गति से पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं। हालांकि, उन्होंने शहर के बुनियादी ढांचे को बदलने के उद्देश्य से कई आगामी पहलों की घोषणा की।
लखनऊ में लगेगी सेमीकंडक्टर निर्माण की इकाई
सिंह ने कहा, ‘जल्द ही लखनऊ में 2,500 करोड़ रुपये की लागत वाली सेमीकंडक्टर चिप निर्माण इकाई स्थापित होगी।’ उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र की प्रौद्योगिकी उन्नति में एक बड़ी उपलब्धि होगी। उन्होंने यह भी कहा कि रिंग रोड परियोजना की सफलता के बाद शहर के चारों ओर एक सर्कुलर ट्रेन प्रणाली शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा, ‘मैंने पहले ही केंद्रीय रेल मंत्री से इस बारे में चर्चा की है। शहरी आवागमन को आसान बनाने के लिए लखनऊ में जल्द ही एक सर्कुलर ट्रेन प्रणाली होगी।’ (इनपुट भाषा)
