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Heatwave पर बादल लगाएंगे ब्रेक! आज से आ रहा वेस्टर्न डिस्टर्बेंस, उत्तर भारत में आंधी- बारिश के आसार

Western Disturbance Update: जब उत्तर भारत भीषण गर्मी की मार झेल रहा है, ऐसे में मौसम विभाग ने एक खुशखबरी दी है। मौसम विभाग ने कहा है कि कल से एक पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत में सक्रिय हो रहा है। जिससे कल से उत्तर भारत में मौसम में बदलाव की संभावना है।

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सक्रिय हो रहा वेस्टर्न डिस्टर्बेंस। (फोटो-IMD)

Western Disturbance Update: भीषण गर्मी ने अभी से अपना कहर दिखाना शुरू कर दिया है। हर कोई भीषण चिलचिलाती गर्मी से परेशान है। गर्मी से बचने के लिए एसी और कूलर की मांग तेज हो गई है, जिससे बिजली की खपत भी बढ़ गई है। इस बीच मौसम विभाग ने बेहद राहतभरी खबर दी है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि कल से एक के बाद एक सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbances) भीषण गर्मी के इस दौर को खत्म कर सकते हैं।

कल से शुरू होगा मौसम में बदलाव, इन राज्यों में दिखेगा असर

भारतीय मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि कल यानी 27 अप्रैल की शाम से ही मौसम में बदलाव दिखने लगेगा। विभाग ने बताया कि शुरुआत में हल्की बारिश और धूल भरी आंधी देखने को मिल सकती है,जो 28 से 30 अप्रैल के बीच तेज होकर व्यापक रूप ले सकती है। इसका असर दिल्ली,पंजाब,हरियाणा और राजस्थान के कई हिस्सों में देखने को मिलेगा।

इतना कम हो सकता है तापमान

मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि 29 अप्रैल से तापमान में गिरावट शुरू हो सकती है। उन्होंने संभावना जताई है कि कई इलाकों में पारा 42 डिग्री सेल्सियस से नीचे आ सकता है। हालांकि इससे पूरी तरह से तो गर्मी से राहत नहीं मिलेगी, लेकिन मौजूदा लू जैसे हालात से काफी राहत जरूर मिलेगी।

तेज होगीं धूल भरी आंधी

इसके साथ ही मौसम विभाग ने यह भी बताया कि वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के कारण पैदा हुई परिस्थितियों के कारण बारिश के कारण तेज हवाओं के साथ आने वाली धूल भरी आंधियां भी बढ़ सकती हैं। धूल भरी आंधियों के कारण विजिबिलिटी कम होने, ट्रैफिक प्रभावित होने और कुछ जगहों पर नुकसान की आशंका जताई गई है।

बता दें कि पश्चिमी विक्षोभ दरअसल भूमध्यसागर क्षेत्र से आने वाली नमी युक्त हवाओं का एक सिस्टम होता है,जो उत्तर भारत में पहुंचकर मौसम में अस्थिरता पैदा करता है। यही सिस्टम गर्मी के लंबे दौर को तोड़ने में अहम भूमिका निभाता है। मौसम प्रणालियों की बात करें तो, मध्य क्षोभमंडल में पश्चिमी विक्षोभ एक गर्त के रूप में सक्रिय है,जो लगभग 80° पूर्व देशांतर के आसपास 32° उत्तर अक्षांश के उत्तर में स्थित है। इसके प्रभाव से पूर्वी उत्तर प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में निचले क्षोभमंडलीय स्तरों पर चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। इसी तरह उत्तर-पूर्वी झारखंड और आसपास के इलाकों में भी निचले स्तर पर चक्रवाती गतिविधियां जारी हैं।

दक्षिण भारत में बढ़ेगी गर्मी

वहीं, मौसम विभाग ने यह भी संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों,खासकर केरल और माहे में भी हीटवेव जैसी स्थिति बन सकती है।

लोगों को माननी चाहिए ये सलाह

बढ़ती गर्मी को देखते हुए आईएमडी ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। दोपहर 12 से 3 बजे के बीच धूप में निकलने से बचने,पर्याप्त पानी पीने और हल्के रंग के ढीले सूती कपड़े पहनने की सलाह दी गई है। साथ ही टोपी, छाता और चश्मे का उपयोग करने को कहा गया है।

बाहर काम करने वालों को सिर और गर्दन पर गीला कपड़ा रखने की सलाह दी गई है। बच्चों और पालतू जानवरों को खड़ी गाड़ियों में छोड़ने से सख्त मना किया गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर यही स्थिति जारी रही तो गर्मी और खतरनाक हो सकती है, जिससे लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ सकता है।

Shiv Shukla
शिव शुक्लाauthor

शिव शुक्ला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में कार्यरत एक अनुभवी न्यूज राइटर हैं। छह वर्षों के पेशेवर अनुभव के साथ वे डिजिटल पत्रकारिता में तेज, सटीक और प्रभावी कंटेंट तैयार करने के लिए पहचाने जाते हैं। वह राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों, राजनीतिक घटनाक्रमों और गहन विश्लेषण पर विशेष पकड़ रखते हैं। ब्रेकिंग न्यूज कवरेज, लाइव ब्लॉग, एक्सप्लेनर और एनालिसिस आर्टिकल तैयार करने में उन्हें विशेषज्ञता हासिल है। शिव शुक्ला 8,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट प्रकाशित कर चुके हैं। मजबूत न्यूज सेंस, विश्लेषण क्षमता और स्पष्ट लेखन शैली उनकी खासियत है। उन्हें नए स्थानों की यात्रा करना और किताबें पढ़ने का शौक है, जो उनकी लेखन शैली एवं दृष्टिकोण को और समृद्ध बनाता है।

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