Railway New Crowd Control Plan: केंद्र सरकार 60 उच्च-यातायात रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की अतिरिक्त भीड़ को संभालने के लिए स्थायी होल्डिंग ज़ोन बनाएगी और भीड़ और संकट प्रबंधन के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग करेगी, सूत्रों ने बताया यह नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भगदड़ में 18 लोगों की मौत के बाद आया है, जो प्रयागराज की ओर जाने वाली महाकुंभ के श्रद्धालुओं की अचानक भीड़ के कारण हुई थी।
सूत्रों ने कहा कि स्थानीय अधिकारियों को स्थितिजन्य जागरूकता और संकट प्रबंधन में प्रशिक्षण दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि दिशात्मक सहायता के लिए, यात्रियों को निर्दिष्ट होल्डिंग क्षेत्रों की ओर मार्गदर्शन करने के लिए तीर (arrows) और विभाजक (separators) बनाए जाएंगे।
प्रयागराज से जुड़े 35 स्टेशनों पर केंद्रीय वार रूम की निगरानी
सूत्रों ने कहा कि AI सहित प्रौद्योगिकी का उपयोग भीड़ की आवाजाही पर नज़र रखने के लिए किया जाएगा, खासकर ट्रेन के विलंब के दौरान। उन्होंने बताया कि प्रयागराज से जुड़े 35 स्टेशनों पर केंद्रीय वार रूम की निगरानी होगी।
व्यस्त स्टेशनों पर विशेष निगरानी के प्रयास किए जा रहे हैं
सूत्रों ने बताया कि भीड़ नियंत्रण उपायों के तहत पैदल यात्रियों के पुलों और सीढ़ियों (foot over bridges and staircase ) पर बैठे लोगों पर कैमरे से नजर रखी जाएगी। उन्होंने बताया कि अकेले नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर 200 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। सूत्रों के अनुसार, महाकुंभ में जाने वाले 90 प्रतिशत श्रद्धालु चार राज्यों के 300 किलोमीटर के दायरे से आते हैं, जिसके कारण व्यस्त स्टेशनों पर विशेष निगरानी के प्रयास किए जा रहे हैं।उन्होंने बताया कि रेलवे भीड़भाड़ से जुड़ी समस्याओं की पहचान करने के लिए विशेष अभियान चलाएगा और यात्रियों, कुलियों और दुकानदारों से फीडबैक लेगा।
नई दिल्ली स्टेशन पर भगदड़
शनिवार रात करीब 10 बजे भगदड़ मची, जब ट्रेन की घोषणा में गड़बड़ी से भ्रमित यात्रियों का एक समूह नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर एक संकरी सीढ़ी के जरिए प्लेटफॉर्म 16 की ओर बढ़ गया। ऊपर जाने की कोशिश कर रहे लोगों और नीचे उतरने की कोशिश कर रहे लोगों के बीच फंसी भीड़ एक मानवीय बाधा बन गई। कुछ ही मिनटों में दहशत फैल गई और लोग गिरने लगे, जिससे भयानक भगदड़ मच गई इस हादसे में 18 लोगों की मौत हो गई।
