India Myanmar Ties: विदेश मंत्री एस जयशंकर से म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग ने नई दिल्ली में शनिवार को मुलाकात की। म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन पांच दिवसीय यात्रा पर भारत आए हैं। उनकी इस यात्रा का मकसद व्यापार, संपर्क, सीमा सुरक्षा और रक्षा के क्षेत्र में द्विपक्षीय सहयोग का बढ़ाना है।
जयशंकर से मिले यू मिन
विदेश मंत्री जयशंकर ने 'एक्स' पर म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग से मुलाकात की तस्वीरें साझा कीं। साथ ही कहा, ''आज नई दिल्ली में म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग से मुलाकात कर खुशी हुई। भारत और म्यांमार के बीच लंबे समय से चले आ रहे द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत बनाने के प्रति उनके सकारात्मक दृष्टिकोण की सराहना करता हूं।''
जयशंकर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनकी आगामी बैठक का बेसब्री इंतजार है, जो दोनों देशों के बीच शांति, प्रगति और समृद्धि के लिए साझेदारी को नई गति प्रदान करेगी।
यू मिन आंग ह्लाइंग ने महाबोधि मंदिर किए दर्शन
इससे पहले, राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग ने बिहार के गया जी जिले में स्थित महाबोधि मंदिर में पूजा-अर्चना की। महाबोधि मंदिर बौद्ध श्रद्धालुओं के लिए तीर्थस्थल और संयुक्त राष्ट्र शैक्षिक, वैज्ञानिक एवं सांस्कृतिक संगठन (यूनेस्को) विश्व धरोहर स्थल है।
एयरपोर्ट पर पहुंचने पर बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन और राज्य के मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने उनका स्वागत किया तथा उन्हें औपचारिक सलामी गारद दिया गया। इस संबंध में एक अधिकारी ने कहा, ''म्यांमार के राष्ट्रपति ने भगवान बुद्ध के जीवन से संबंधित चार पवित्र स्थलों में से एक महाबोधि मंदिर का दौरा किया और वहां प्रार्थना की।''
विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि बोधगया जहां भगवान बुद्ध को ज्ञान की प्राप्ति हुई थी, उस पवित्र भूमि पर आंग ह्लाइंग की यात्रा भारत और म्यांमा के बीच ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक संबंधों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
