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Mayday, Mayday... अहमदाबाद प्लेन क्रैश से पहले पायलट ने किसे किया था कॉल? क्या होता है मेडे; यहां जाानिए सबकुछ

Ahmedabad Plane Crash: अहमदाबाद में एअर इंडिया का विमान एआई-171 क्रैश हुआ है। ताजा जानकारी के अनुसार, DGCA ने एक बयान जारी कर बताया है कि लंदन के लिए उड़ान भरने के बाद अहमदाबाद में दुर्घटनाग्रस्त होने से कुछ मिनट पहले मेडे कॉल जारी किया गया था। आइए जानते है कि आखिर ये मेडे कॉल क्या होता है...

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अहमदाबाद प्लेन क्रैश से पहले पायलट ने किया था मेडे कॉल

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

Ahmedabad Plane Crash: अहमदाबाद में एअर इंडिया का विमान एआई-171 क्रैश हुआ है। इस विमान में विजय रूपाणी समेत 242 यात्री सवार थे। जिस समय ये विमान लंदन के लिए उड़ान भर रहा था तभी हादसे का शिकार हो गया। ताजा जानकारी के अनुसार, DGCA ने एक बयान जारी कर बताया है कि लंदन के लिए उड़ान भरने के बाद अहमदाबाद में दुर्घटनाग्रस्त होने से कुछ मिनट पहले मेडे कॉल जारी किया गया था। लेकिन एअर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके कुछ देर बाद ही ये विमान क्रैश हो गया।

Air India Plane Crash

Air India Plane Crash

जानकारी के अनुसार, अहमदाबाद में प्‍लेन क्रैश होने पहले पायलट ने मेडे सिग्‍नल दिया था। लेकिन जब एयर ट्रैफिक सर्विस (ATS) ने विमान से संपर्क करना चाहा, तो सामने से कोई मेसेज नहीं मिला और कुछ पल बाद ही विमान क्रैश हो गया। जानकारी के अनुसार, एयर इंडिया का विमान दिल्‍ली के इंदिरा गांधी एयरपोर्ट से उड़ान भरके अहमदाबाद एयरपोर्ट पर पहुंचा था। यह कनेक्टिंग प्‍लाइट थी, जिसे अहमदाबाद पर कुछ यात्रियों को उतारना था और कुछ नए यात्रियों को विमान में सवार होना था।

जानें क्या होता है मेडे कॉल

मेडे कॉल (Mayday Call) एक इमरजेंसी मैसेज होता है जो किसी विमान का पायलट उस समय नजदीकी एटीएस (ATC) को भेजता है, जब विमान किसी बेहद मुश्किल स्थिति में फंस जाता है।

Air India Plane Crash

Air India Plane Crash

मेडे कॉल में विमान का इंजन फेल होने, विमान में आग लगने या हाईजैक जैसी स्थिति में पायलट द्वारा किया जाता है। इस कॉल के जरिए कोई भी पायलट एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) और नजदीकी विमानों को अलर्ट करता है कि प्लेन को तुरंत मदद की जरूरत है। मेडे कॉल में प्लेन के रेडियो पर तीन बार Mayday, Mayday, Mayday बोला जाता है ताकि साफ हो जाए कि यह गंभीर स्थिति है। बता दें, मेडे वर्ड फ्रेंच के "m'aider" से आया है, जिसका मतलब होता है मेरी मदद करो।

Shashank Shekhar Mishra
Shashank Shekhar Mishraauthor

शशांक शेखर मिश्रा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल (www.timesnowhindi.com) में बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। इन्हें पत्रकारिता में करीब 5 वर्षों का अनुभव है। इन पांच सालों में देश की राजनीति से लेकर देश-दुनिया में बनते-बिगड़ते सत्ता समीकरणों एवं घटनाओं को कवर करने का अनुभव है। राजनीति, रक्षा और आटोमोबाइल्स की खबरों में विशेष रूचि के साथ खोजी पत्रकारिता और स्टिंग ऑपरेशन का भी अनुभव है। टाइम्स नाउ नवभारत में देश-दुनिया की खबरों के साथ रियल टाइम डेस्क पर कार्य करने का अनुभव है। शशांक ने इन 5 वर्षों के पत्रकारिता के कैरियर के दौरान टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव हासिल किया है। टाइम्स नाउ नवभारत में बतौर कॉपी एडिटर जुड़ने से पहले जागरण न्यू मीडिया, इनशार्ट्स, जी हिंदुस्तान और न्यूज हेल्पलाइन में सब एडिटर, रिपोर्टर और असिस्टेंट प्रोड्यूसर के तौर पर काम कर चुके हैं। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद एशियन एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन से पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन एंड टीवी जर्नलिज्म किया हैं। शशांक को जिम जाना, एडवेंचर एक्टिविटी करना और नई तकनीक को जानना और समझना बेहद पसंद है। इसके अलावा शशांक को ड्राइव करना और अध्यात्म में भी काफी रुचि हैं। शशांक शेखर मिश्रा उत्तर प्रदेश की राजधानी और नवाबों के शहर के रूप में फेमस लखनऊ से ताल्लुक रखते हैं।

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