Karnataka CM Speculation:: कर्नाटक में मुख्यमंत्री परिवर्तन का मसला जल्द ही समाप्त हो सकता है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में कांग्रेस के आला नेतृत्व ने मंगलवार को मुख्यमंत्री सिद्दारमैया और उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के साथ विस्तृत चर्चा की। इस बैठक में आलाकमान ने सिद्दारमैया को अपनी मंशा जाहिर कर दी है। सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस आलाकमान ने सिद्दारमैया को बता दिया है कि राज्य में पार्टी आसान नेतृत्व परिवर्तन चाहती है।
नेतृत्व परिवर्तन का फॉर्मूला हो रहा तैयार
भले ही मंगलवार की बैठक को राज्यसभा और एमएलसी चुनाव से जुड़ा बताया जा रहा है, लेकिन राजनीतिक हलकों में नेतृत्व परिवर्तन की अटकलों की ही चर्चाएं हैं। सूत्रों से प्राप्त जानकारी के मुताबिक, कर्नाटक में नेतृत्व परिवर्तन का पूरा फॉर्मूला तैयार हो रहा है। सूत्रों ने दावा किया कि 18 जून के बाद कर्नाटक नेतृत्व परिवर्तन पर फैसला हो सकता है।
सिद्दारमैया ने साधी चुप्पी
सूत्रों के मुताबिक, आलाकमान ने आज की बैठक में सिद्दारमैया को मुख्यमंत्री पद छोड़ने के लिए कहा है। हालांकि, सिद्दारमैया ने इस पर चुप्पी साध ली और कोई भी जवाब नहीं दिया। ऐसा में यह देखना दिलचस्प होगा कि सिद्दारमैया पद छोड़ेंगे भी या नहीं, क्योंकि काफी समय से नेतृत्व परिवर्तन का मुद्दा उठता रहा है, लेकिन दो-चार दिनों की चर्चाओं के बाद आलाकमान मुद्दे को ठंडे बस्ते में डालता रहा है।
इंदिरा भवन में हुई बैठक
कांग्रेस मुख्यालय 'इंदिरा भवन' में हुई बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और प्रदेश प्रभारी रणदीप सुरजेवाला मौजूद रहे। इस बैठक के बाद वेणुगोपाल का बयान भी सामने आया जिसमें उन्होंने कहा कि आगामी राज्यसभा चुनाव और कर्नाटक के विधान परिषद चुनाव को लेकर चर्चा हुई।
'अनुमानों में वास्तविकता नहीं'
वेणुगोपाल ने कहा, ''आप लोग (मीडिया) जो भी अनुमान लगा रहे हैं, वह केवल अनुमान है। इसमें बिल्कुल भी वास्तविकता नहीं है।'' कर्नाटक में 20 मई को कांग्रेस सरकार के तीन साल पूरे होने के बाद से नेतृत्व परिवर्तन और मंत्रिमंडल में फेरबदल को लेकर अटकलें जारी हैं। शिवकुमार के समर्थक 2023 के विधानसभा चुनाव में पार्टी की जीत के बाद मुख्यमंत्री सिद्दारमैया के साथ ढाई-ढाई साल के लिए मुख्यमंत्री बनने को लेकर हुए कथित समझौते के तहत उनकी (शिवकुमार) पदोन्नति पर जोर दे रहे हैं।
