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झारखंड में बदमाशों ने ATS के डिप्टी एसपी और एसआई को गोली मारी, हालत गंभीर

  • Authored by: प्रांजुल श्रीवास्तव
  • Updated Jul 18, 2023, 06:10 AM IST

Jharkhand Crime: रामगढ़ पुलिस ने बताया, पतरातू इलाके में अमन साहू गिरोह के अपराधियों ने एटीएस के डिप्टी एसपी और रामगढ़ जिला पुलिस के एक एसआई को गोली मारी दी। इसमें डिप्टी एसपी की हालत गंभीर बताई जा रही है।

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Jharkhand Police

Jharkhand Crime: झारखंड से बड़ी खबर सामने आई है। यहां रामगढ़ जिले के पतरातू इलाके में बदमाशों ने ATS के डिप्टी एसपी और एक एसआई को गोली मार दी है। इसके बाद दोनों को इलाज के लिए रांची लाया गया है। जानकारी के मुताबिक, डिप्टी एसपी की हालत गंभीर बनी हुई है।

चंदन साव को गिरफ्तार करने पहुंची थी पुलिस

अमन साव गिरोह के सदस्य चंदन साव को गिरफ्तार करने रांची एटीएस और रामगढ़ पतरातु के तेरपा पहुंची थी जहां पुलिस की गाड़ी देख अपराधियों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसमें एटीएस डीएसपी नीरज कुमार को गोली लगी। उन्हें गंभीर अवस्था में मेडिका में भर्ती कराया गया है। वही, रामगढ़ पुलिस के एसआई सोनू साहू को भी पैर में गोली लगी है और उन्हें भी मेडिका में भर्ती कराया गया है।

बताया जाता है कि रांची एटीएस की टीम रामगढ़ पुलिस के साथ छापेमारी के लिए पतरातू के टेरपा पहुंची थी। सूचना थी यहां पर अमन साव गिरोह का चंदन साव अपने साथियों के साथ मौजूद है। घटनास्थल से 200 मीटर की दूरी पर पुलिस ने वाहन रोक कर आगे बढ़ने लगी। जब तक पुलिस कुछ समझ पाती उधर से फायरिंग होने लगी फायरिंग में एटीएस डीएसपी नीरज कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके पेट में गोली लगी जबकि रामगढ़ एसआई सोनू कुमार के पैर में गोली लगी। पुलिस के दोनों घायल अधिकारियों को तुरंत रांची के मेडिका हॉस्पिटल में इलाज के लिए भेजा गया। बता दें कि चंदन कुमार वही अपराधी है जिसने 2 माह पूर्व हजारीबाग जिले के एनटीपीसी जीएम की हत्या की थी।

रामगढ़ के विभिन्न स्थानों से पुलिस पतरातू थाना पहुंची है और चंदन की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है, लेकिन अभी तक पुलिस को कोई कामयाबी नहीं मिली है। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों को पुलिस ने पूछताछ के लिए उठाया है।

प्रांजुल श्रीवास्तव
प्रांजुल श्रीवास्तवauthor

<p>मैं इस वक्त टाइम्स नाउ नवभारत से जुड़ा हुआ हूं। पत्रकारिता के 8 वर्षों के तजुर्बे में मुझे और मेरी भाषाई समझ को गढ़ने और तराशने में कई वरिष्ठ पत्रकारों और संपादकों का योगदान रहा। 2016 में उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से शुरू हुआ यह सफर देश की राजधानी दिल्ली में 'टाइम्स नाउ नवभारत' तक आ पहुंचा है। अखबारों में रिपोर्टिंग करते हुए शहरों की धूल फांकना और डिजिटल पत्रकारिता की बारीकियों को समझते हुए देश-विदेश की खबरों को आप तक पहुंचाने का मेरा ये सफर काफी किस्से-कहानियों से भरा हुआ है। लखनऊ की बाबा भीम राव अंबेडकर सेंट्रल यूनिवर्सिटी के क्लासरूम में प्रोफेसरों से मिले किताबी ज्ञान और पत्रकारीय सिद्धांतों को जमीन पर उतारने का मौका मुझे 2016 में ही मिल गया। पहला ब्रेक टाइम्स ग्रुप के प्रतिष्ठित अखबार 'नवभारत टाइम्स' ने दिया। यहां बतौर इंटर्न मुझे कई सामाजिक संगठनों की रिपोर्टिंग करने का मौका मिला। दिनभर शहर में घूम-घूम कर खबरों को बटोरना और शाम होते ही उन्हें लिखकर डेस्क के हवाले करना मेरी दिनचर्या का हिस्सा हो गया। इस अनुभव ने मुझे समाज के तौर तरीकों से परिचित कराया तो न्यूजरूम में सीनियर्स से मिली डांट ने पत्रकारिता की बारीकियों और भाषाई मर्यादा को समझने में मदद की। करीब 3 से 4 महीनों की इंटर्नशिप के बाद मुझे 2017 आते-आते गांधी परिवार के गढ़ रायबरेली भेजा गया। यह समय उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव और सत्ता के बदलाव का था। यहां बतौर रिपोर्टर मैं पहली बार राजनीतिक खबरों से रूबरू हुआ। रायबरेली के मिजाज को करीब 8 महीनों तक समझने के बाद नवभारत टाइम्स ने मुझे वापस लखनऊ बुलाया और शहर की रिपोर्टिंग करने का मौका दिया। यहां विज्ञान, पर्यावरण, बाजार, लखनऊ विकास प्राधिकरण, आवास विकास और मेट्रो जैसी बीट पर जमकर काम किया। यह सफर अब पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिले मुरादाबाद तक पहुंच गया था, जहां मुझे दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित अखबार के लिए दो वर्षों तक रिपोर्टिंग करने का अवसर मिला। करीब दो वर्षों की पत्रकारिता के बाद अब मुझे देश की राजधानी की ओर रुख करना था और यह मौका अमर उजाला (डिजिटल) ने दिया। अखबारों की रिपोर्टिंग से निकलकर डिजिटल पत्रकारिता के अनुभव से मैं पहली बार रूबरू हो रहा था। यहां पर मुझे मेन डेस्क पर जिम्मेदारी मिली। जहां सबसे आगे रहते हुए सबसे सटीक खबरें आप तक पहुंचाना चुनौती भरा काम था, लेकिन पत्रकारिता की शुरुआत में मिले अनुभवों ने मेरा काम आसान बना दिया। यहां भी करीब दो वर्षों के बाद 2023 में मुझे टाइम्स ग्रुप से दोबारा जुड़ने का मौका मिला और टाइम्स नाउ नवभारत की मेन डेस्क पर मेरा सफर अब तक जारी है।</p>

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