गुजरात के अहमदाबाद में पीजी में रहने वाली 23 वर्षीय इंटीरियर डिजाइनिंग की छात्रा के साथ कथित दुष्कर्म का मामला सामने आया है। आरोप है कि आनंदनगर इलाके में पीजी के सिक्योरिटी गार्ड ने रात में टेरेस पर छात्रा का पीछा किया और वायर से उसका गला दबाकर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद आरोपी उसे टेरेस पर लगे सोलर पैनल के नीचे ले गया, जहां कथित तौर पर उसके साथ दुष्कर्म किया।
आरोपी की तलाश में पुलिस
मामले की गंभीरता को देखते हुए आनंदनगर पुलिस के साथ एलसीबी और अहमदाबाद क्राइम ब्रांच की 10 से ज्यादा टीमों को आरोपी की तलाश में लगाया गया। पुलिस ने मुखबिरों से मिली जानकारी और जांच के आधार पर आरोपी धरमसिंह रामशंकर सिंह को पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी मूल रूप से उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले का रहने वाला है।
टेरेस पर छात्रा का पीछा करने का आरोप
एफआईआर के मुताबिक, छात्रा 8 अगस्त की रात करीब 9 बजे पीजी की टेरेस पर टहलने गई थी। करीब 20 मिनट बाद जब वह वापस नीचे जाने के लिए दरवाजे की ओर बढ़ी, तभी आरोपी सिक्योरिटी गार्ड उसके पीछे पहुंच गया।
छात्रा ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया कि आरोपी ने पीछे से वायर से उसका गला दबाया और उसका मुंह बंद कर दिया। इससे उसे सांस लेने में परेशानी होने लगी। आरोप है कि आरोपी ने उसे धमकी दी कि अगर उसने शोर मचाया तो वह उसे जान से मार देगा।
सोलर पैनल के नीचे ले जाने का आरोप
एफआईआर के अनुसार, आरोपी ने टेरेस का लोहे का दरवाजा बंद कर दिया और छात्रा को जबरन टेरेस के एक हिस्से में लगे सोलर पैनल के नीचे ले गया। छात्रा ने आरोप लगाया कि वहां आरोपी ने उसका मुंह दबाकर उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए।
घटना के बाद भी आरोपी ने कथित तौर पर छात्रा को धमकाया कि अगर उसने किसी को कुछ बताया तो वह उसे जान से मार देगा। इसके बाद वह कुछ देर तक छात्रा को टेरेस पर बैठाकर रखने के बाद नीचे चला गया। आरोप है कि जाते समय वह छात्रा का मोबाइल फोन भी अपने साथ ले गया।
दरवाजा बंद मिला तो छात्रा ने लगाई मदद की गुहार
आरोपी के नीचे जाने के बाद छात्रा ने टेरेस का दरवाजा खोलने की कोशिश की, लेकिन दरवाजा बंद था। इसके बाद उसने मदद के लिए आवाज लगाई। आवाज सुनकर PG की पांचवीं मंजिल पर रहने वाले कुछ लोग वहां पहुंचे। छात्रा ने उन्हें पूरी घटना के बारे में बताया। इसके बाद जिग्रेश नाम के व्यक्ति ने नीचे जाकर दूसरे सिक्योरिटी गार्ड से पूछताछ की। इसी दौरान आरोपी की पहचान धरमसिंह के रूप में हुई।
इसके बाद छात्रा अपने कमरे में गई और अपनी दोस्त को घटना की जानकारी दी। बाद में वह अपनी दोस्त के साथ आनंदनगर पुलिस स्टेशन पहुंची और शिकायत दर्ज कराई।
10 से ज्यादा पुलिस टीमों ने शुरू की तलाश
शिकायत मिलते ही आनंदनगर पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू कर दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय पुलिस, LCB और अहमदाबाद क्राइम ब्रांच की 10 से ज्यादा टीमें बनाई गईं। पुलिस ने मुखबिरों से मिली जानकारी के अलावा आरोपी के संभावित ठिकानों और मूवमेंट की जानकारी जुटाई। लगातार तलाश के बाद पुलिस ने आरोपी को पकड़ लिया।
कुछ दिन पहले ही सिक्योरिटी गार्ड बना था आरोपी
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि धरमसिंह ने PG में सिक्योरिटी गार्ड के तौर पर करीब 6-7 दिन पहले ही नौकरी शुरू की थी। अब जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि आरोपी को PG में नौकरी कैसे मिली और उसकी नियुक्ति के दौरान कौन-कौन से दस्तावेज और जानकारियां ली गई थीं। पुलिस PG परिसर और टेरेस में लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है। इसके अलावा घटना से जुड़े अन्य साक्ष्यों को भी जुटाया जा रहा है।
