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FBI ने गैंगस्टर नीतीश कौशल को किया गिरफ्तार, सुरक्षा एजेंसियों की मोस्ट वांटेड लिस्ट में क्यों था 'लाला'?

अमेरिकी संघीय जांच एजेंसी एफबीआई ने गैंगस्टर नीतीश कौशल को RICO (संगठित अपराध और भ्रष्ट संगठनों से जुड़ी साजिश) के संघीय आरोप में गिरफ्तार किया है। फिलहाल एफबीआई ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है, लेकिन उनके खिलाफ लगाए गए विशिष्ट आरोपों और कथित भूमिका का खुलासा नहीं किया है। मामले की सुनवाई अब अमेरिकी संघीय अदालत में होगी।

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एफबीआई (FBI) ने भारतीय मूल के नितीश कौशल (Nitish Kaushal) को संगठित अपराध में गिरफ्तार किया। FBI

अमेरिका की संघीय जांच एजेंसी (FBI) ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए भारतीय मूल के गैंगस्टर नीतीश कौशल (Nitish Kaushal) उर्फ 'लाला'को वर्मोंट से गिरफ्तार कर लिया है। अभी कुछ ही दिनों पहले ही एफबीआई ने नीतीश को अपनी मोस्ट वांटेड सूची में शामिल कर उसके खिलाफ सख्त चेतावनी जारी की थी। कौशल पर अमेरिका में एक बड़े अंतरराष्ट्रीय क्राइम सिंडिकेट को चलाने और कई हिंसक वारदातों को अंजाम देने का आरोप है। अमेरिका में RICO कानून का इस्तेमाल आमतौर पर संगठित अपराध, आपराधिक नेटवर्क, वित्तीय धोखाधड़ी, मनी लॉन्ड्रिंग, जबरन वसूली और अन्य संगठित आपराधिक गतिविधियों से जुड़े मामलों में किया जाता है।

एफबीआई ने अपने सोशल हैंडल पर नीतीश कौशल की गिरफ्तारी की जानकारी दी. एफबीआई के मुताबिक, ‘नीतीश कौशल को अमेरिका के वरमोंट में गिरफ्तार कर लिया गया है. आपराधिक गिरोहों की जांच से जुड़े अपराधों के लिए वांछित अन्य भगोड़ों का पता लगाने में FBI की मदद करें।’

नीतीश कौशल पर आरोप है कि वो भारत के पंजाब से जुड़े खतरनाक 'जग्गू भगवानपुरिया गैंग' का एक सक्रिय सदस्य है, जो अमेरिका के कैलिफोर्निया समेत कई अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपना नेटवर्क चला रहा है। लॉस एंजिल्स की अमेरिकी जिला अदालत ने रैकेटियरिंग और संगठित अपराध की साजिश रचने के आरोप में कौशल के खिलाफ जून 2026 में एक संघीय गिरफ्तारी वारंट जारी किया था।

क्या है एफबीआई का आरोप?

सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, नीतीश कौशल अमेरिकी सरजमीं पर हत्या, हत्या की साजिश, अपहरण, जबरन वसूली, मादक पदार्थों और हथियारों की तस्करी तथा मानव तस्करी जैसे कई गंभीर और हिंसक अपराधों में वांछित था। एफबीआई ने उसे "बेहद खतरनाक और हथियारबंद" अपराधी घोषित किया था। कौशल की यह गिरफ्तारी अमेरिका, कनाडा और यूरोप की सुरक्षा एजेंसियों द्वारा चलाए जा रहे संयुक्त अभियान 'ऑपरेशन हार्ड बॉल' (Operation Hard Ball) के तहत की गई है, जिसका मकसद पंजाब से जुड़े अंतरराष्ट्रीय क्राइम सिंडिकेट को खत्म करना है। इस त्वरित कार्रवाई को पश्चिमी देशों में सक्रिय विदेशी आपराधिक गिरोहों के खिलाफ एक बड़े संदेश के रूप में देखा जा रहा है।

Piyush Kumar
पीयूष कुमारauthor

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घटनाओं को सटीक, सरल और असरदार अंदाज में खबरों की भाषा देना उनकी सबसे बड़ी ताकत है। ब्रेकिंग न्यूज की रफ्तार हो या किसी जटिल मुद्दे को आसान बनाकर समझाने वाले एक्सप्लेनर—पीयूष दोनों में बराबर दक्षता रखते हैं। न्यूज जजमेंट, फैक्ट-बेस्ड राइटिंग और एंड-टू-एंड कॉपी प्रोडक्शन पर इनकी पकड़ मजबूत है और अबतक 4,000 से अधिक स्टोरी लिख चुके हैं।

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