कांग्रेस पार्टी ने मंगलवार को केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए बढ़ती महंगाई और 'वोट चोरी' के मुद्दों को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आड़े हाथों लिया। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट के जरिए सरकार पर जनता की अनदेखी करने का गंभीर आरोप लगाया।
महंगाई 23 महीनों में उच्च स्तर पर
जयराम रमेश ने हालिया सरकारी आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि सितंबर महीने में खुदरा महंगाई बढ़कर 5.54 प्रतिशत के स्तर पर पहुंच गई है, जो पिछले 23 महीनों का सबसे उच्च स्तर है। इसके साथ ही खाद्य महंगाई बढ़कर 7.74 प्रतिशत हो गई है, जिससे आम आदमी की रसोई का बजट पूरी तरह से बिगड़ गया है।
प्याज से लेकर नींबू तक महंगा
उन्होंने कीमतों में हुई भारी बढ़ोतरी का जिक्र करते हुए कहा कि खाने-पीने की लगभग हर जरूरी वस्तु की कीमत हद पार कर चुकी है। आंकड़ों के मुताबिक, प्याज की कीमतों में 108 प्रतिशत, लहसुन में 55 प्रतिशत, अदरक में 63 प्रतिशत और नींबू में 36 प्रतिशत तक का इजाफा हुआ है।
कांग्रेस नेता ने केवल खाने-पीने की चीजों तक सीमित न रहते हुए कहा कि महंगाई का असर अब परिवहन, शिक्षा, कपड़े-जूते और घरेलू सामानों पर भी साफ दिखने लगा है। उनके अनुसार, गरीब आदमी की थाली से निवाला और मध्यम वर्ग की जेब से बचत लगातार गायब हो रही है, जबकि देश पर कर्ज का बोझ बढ़ता जा रहा है।
'वोट चोरी' के साथ-साथ आम जनता की 'बचत चोरी'- जयराम रमेश
सरकार पर तंज कसते हुए जयराम रमेश ने कहा कि 'अच्छे दिन' का वादा करके सत्ता में आई यह सरकार अब 'वोट चोरी' के साथ-साथ आम जनता की 'बचत चोरी' भी कर रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब ऐसी सरकार को जनता की नाराजगी और वोट खोने का डर ही नहीं है, तो वह आम जनता की परवाह क्यों करेगी।
अंत में रमेश ने प्रधानमंत्री मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि देश में महंगाई और जनता का आक्रोश लगातार बढ़ रहा है, लेकिन प्रधानमंत्री इस पर कुछ बोलने के बजाय 'मौनी बाबा' बने बैठे हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री के उस पुराने बयान का जिक्र करते हुए कहा कि अब उनके लिए "झोला उठाने का वक्त" आ गया है।
