रामचरितमानस में लिखी कुछ पंक्तियों को लेकर चल रहे विवाद के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) चीफ मोहन भागवत (Mohan Bhagwat) ने जाति व्यवस्था पर बड़ा बयान दिया। मोहन भागवत ने कहा कि जाति भगवान ने नहीं बनाई है बल्कि जाति पंडितों और पुजारियों ने बनाई है। उन्होंने कहा कि भगवान ने हमेशा कहा है कि मेरे लिए हर कोई समान है और मेरे लिए कोई जाति, संप्रदाय नहीं है, यह पंडितों द्वारा बनाया गया है जो गलत है। साथ ही उन्होंने कहा कि जब हम आजीविका कमाते हैं तो समाज के प्रति हमारी जिम्मेदारी होती है। जब हर काम समाज के लिए होता है तो कोई भी काम बड़ा या छोटा या अलग कैसे हो सकता है?
आरएसएस प्रमुख ने कहा कि देश में विवेक,चेतना सभी एक है उसमें कोई अंतर नहीं है, बस मत अलग-अलग हैं। उन्होंने कहा कि समाज में विभाजन से दूसरों ने फायदा उठाया। इसका लाभ लेकर हमारे देश पर दूसरे लोगों ने आक्रमण किए और बाहर से आये लोगों ने फायदा उठाया।
