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Delhi Assembly: कैग रिपोर्टो की होगी जांच, दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने बुलाई अहम बैठक

Delhi Assembly: दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष ने हाल ही में बजट सत्र के दौरान पेश किए गए CAG की रिपोर्टों पर आगे की जांच के लिए शुक्रवार को लोक लेखा समिति और सार्वजनिक उपक्रम समिति के साथ बैठक बुलाई है।

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दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष ने आज CAG रिपोर्ट की जांच के लिए बैठक बुलाई

Photo : ANI

CAG Report: दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने हाल ही में बजट सत्र के दौरान पेश किए गए नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्टों पर आगे की जांच के लिए शुक्रवार को लोक लेखा समिति और सार्वजनिक उपक्रम समिति के साथ बैठक बुलाई है। अध्यक्ष, दिल्ली विधानसभा ने शुक्रवार 11 अप्रैल, 2025 को सुबह 11:00 बजे एमएलए लाउंज-I, विधानसभा परिसर, पुराना सचिवालय में सीएजी की रिपोर्ट से संबंधित मुद्दों पर एक बैठक बुलाई है। इस बैठक में महालेखाकार (लेखा परीक्षा) दिल्ली द्वारा प्रस्तुति, ऑडिट पैरा मॉनिटरिंग सिस्टम (एपीएमएस) के कार्यान्वयन की स्थिति, दिल्ली विधानसभा के दूसरे सत्र के दौरान प्रस्तुत रिपोर्टों पर एटीएन की स्थिति जैसे विषयों पर चर्चा होगी। बैठक में उपाध्यक्ष मोहन सिंह बिष्ट, लोक लेखा समिति (पीएसी) के अध्यक्ष और भाजपा विधायक अजय महावर, गजेंद्र ड्रेल सहित अन्य शामिल होंगे।

DTC पर दिल्ली सरकार ने पेश की थी कैग रिपोर्ट

बता दें, 1 अप्रैल को दिल्ली विधानसभा में वाहनों से वायु प्रदूषण की रोकथाम पर नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की एक और ऑडिट रिपोर्ट पेश की गई थी। इससे पहले 24 मार्च को दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली परिवहन निगम (DTC) पर CAG रिपोर्ट पेश की और परिचालन अक्षमताओं और वित्तीय घाटे को उजागर किया, जिससे पिछली आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार की आलोचना हुई।

रिपोर्ट में DTC के प्रमुख परिचालन और वित्तीय पहलुओं का मूल्यांकन किया गया है, जिसमें अक्षमताओं और सुधार की आवश्यकता वाले क्षेत्रों की ओर इशारा किया गया है। यह बेड़े प्रबंधन, राजस्व सृजन, परिचालन स्थिरता और सार्वजनिक परिवहन नीतियों के पालन की जांच करता है। CAG ऑडिट 2015-2016 से 2021-2022 की अवधि को कवर करता है। यह रिपोर्ट DTC के कामकाज में गंभीर अनियमितताओं को उजागर करती है। CAG रिपोर्ट बताती है कि सरकार के कुप्रबंधन और लापरवाही के कारण दिल्ली के करदाताओं के करोड़ों रुपये बर्बाद हो गए हैं। इस रिपोर्ट को अब सरकारी उपक्रमों की समिति को भेजा जा रहा है और तीन महीने के भीतर अपनी रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अतिरिक्त, परिवहन विभाग और डीटीसी को एक महीने के भीतर अपना कार्यवाही नोट विधान सचिवालय को प्रस्तुत करना होगा।

Shashank Shekhar Mishra
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शशांक शेखर मिश्रा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल (www.timesnowhindi.com) में बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। इन्हें पत्रकारिता में करीब 5 वर्षों का अनुभव है। इन पांच सालों में देश की राजनीति से लेकर देश-दुनिया में बनते-बिगड़ते सत्ता समीकरणों एवं घटनाओं को कवर करने का अनुभव है। राजनीति, रक्षा और आटोमोबाइल्स की खबरों में विशेष रूचि के साथ खोजी पत्रकारिता और स्टिंग ऑपरेशन का भी अनुभव है। टाइम्स नाउ नवभारत में देश-दुनिया की खबरों के साथ रियल टाइम डेस्क पर कार्य करने का अनुभव है। शशांक ने इन 5 वर्षों के पत्रकारिता के कैरियर के दौरान टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव हासिल किया है। टाइम्स नाउ नवभारत में बतौर कॉपी एडिटर जुड़ने से पहले जागरण न्यू मीडिया, इनशार्ट्स, जी हिंदुस्तान और न्यूज हेल्पलाइन में सब एडिटर, रिपोर्टर और असिस्टेंट प्रोड्यूसर के तौर पर काम कर चुके हैं। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद एशियन एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन से पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन एंड टीवी जर्नलिज्म किया हैं। शशांक को जिम जाना, एडवेंचर एक्टिविटी करना और नई तकनीक को जानना और समझना बेहद पसंद है। इसके अलावा शशांक को ड्राइव करना और अध्यात्म में भी काफी रुचि हैं। शशांक शेखर मिश्रा उत्तर प्रदेश की राजधानी और नवाबों के शहर के रूप में फेमस लखनऊ से ताल्लुक रखते हैं।

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