Rafale Fighter Planes: भारत पहुंचे राफेल, रक्षा मंत्री ने कहा- हमारे सैन्य इतिहास में नए युग की शुरुआत
Rafale news: फ्रांस से रवाना हुआ राफेल लड़ाकू विमानों का पहला जत्था अंबाला स्थित भारतीय वायु सेना (आईएएफ) के एयरबेस पर लैंडिंग कर चुका है। भारतीय वायु सीमा में दाखिल होने पर नौसेना के युद्धपोत ने इसका स्वागत किया। फ्रांस से ये लड़ाकू विमान सोमवार को रवाना हुए। मंगलवार को ये अपने पड़ाव के तहत संयुक्त अरब अमीरात में रुके थे।
Rafale India Live Updates: भारत ने 2016 में 36 राफेल लड़ाकू विमान खरीदने का सौदा फ्रांस से किया। 59, 000 करोड़ रुपए की यह रक्षा डील दोनों सरकारों के बीच हुई। विमान का निर्माण करने वाली कंपनी दसौं साल 2021 तक सभी राफेल विमान भारत को सौंप देगी। उसने अभी भारत को 10 लड़ाकू विमान सौंपे हैं। इनमें से पांच को अभी ट्रेनिंग के लिए फ्रांस में ही रखा गया है। ये पांचों विमान अंबाला एयरबेस पर उतर चुके हैं।
पीएम मोदी ने भी किया राफेल का स्वागत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राफेल की लैंडिंग का वीडियो ट्वीट किया है। इसके साथ उन्होंने संस्कृत में एक श्लोक भी लिखा है।
राष्ट्ररक्षासमं पुण्यं,
— Narendra Modi (@narendramodi) July 29, 2020
राष्ट्ररक्षासमं व्रतम्,
राष्ट्ररक्षासमं यज्ञो,
दृष्टो नैव च नैव च।।
नभः स्पृशं दीप्तम्...
स्वागतम्! #RafaleInIndia pic.twitter.com/lSrNoJYqZO
अगले महीने में औपचारिक रूप से IAF में शामिल होंगे राफेल
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक एयर चीफ ने कहा है कि इन राफेल लड़ाकू विमानों को अभियान के लिए तैयार रखा जाएगा। राफेल लड़ाकू विमानों को स्वतंत्रता दिवस के बाद अगले महीने औपचारिक रूप से वायु सेना में शामिल किया जाएगा। सभी पांच राफेल अंबाला एयरबेस पर लैंड हो चुके हैं।
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अंबाला एयरबेस पर 5 राफेल विमानों की हुई लैंडिंग
फ्रांस से रवाना हुए पांच राफेल लड़ाकू विमानों की लैंडिंग अंबाला एयरबेस पर बुधवार को शाम तीन बजे के करीब हुई। अंबाला में पहुंचने ही एयरबेस का आसमान उनकी गर्जना से भर गया। विमान जब वहां पहुंचे तो मौसम साफ नहीं था लेकिन वे सफलतापूर्वक एयरबेस पर लैंड कर गए।
इंतजार की घड़ियां हुईं खत्म, अंबाला एयरबेस पहुंचे राफेल
राफेल लड़ाकू विमान अंबाला एयर बेस पर लैंड कर चुके हैं। पूरा देश जिस लम्हे का इंतजार कर रहा था वह अब खत्म हो गया है। तीन बजते ही राफेल लड़ाकू विमान अंबाला के आसमान में गर्जना करने लगे।
अंबाला एयरबेस पर लैंड करने वाले हैं राफेल
इंतजार की घड़िया खत्म होने वाली हैं। राफेल विमानों का पहला जत्था अंबाला एयरबेस पर लैंड करने वाला है। फ्रांस से पांच राफेल लड़ाकू विमान सोमवार को रवाना हुए।
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राफेल विमानों की पहली तस्वीर सामने आई
आईएनएस कोलकाता से हुआ संपर्क
नेवी के युद्धपोत से राफेल जत्थे का हुआ रेडियो संपर्क
फ्रांस से आने वाले राफेल लड़ाकू विमान के पहले जत्थे का हिंद महासागर में तैनात भारतीय युद्धपोत से रेडियो संपर्क हुआ है। युद्धपोत ने अपने संदेश में कहा है कि हिंद महासागर में आपका स्वागत है, हैप्पी लैंडिंग। राफेल विमान अब किसी भी वक्त अंबाला के एयरबेस पर लैंडिंग कर सकते हैं।
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अत्याधुनिक तकनीक से लैस है राफेल
राफेल 4.5 पीढ़ी का विमान है। इसमें अत्याधुनिक तकनीक लगी है। सेमी स्टील्थ फीचर वाला यह लड़ाकू विमान दुनिया के बेहतरीन फाइटर प्लेन में शामिल है। यह मिटियोर, स्कैल्प जैसी मिसाइलें और हैमर हथियार से लैस होकर काफी घातक हो जाता है। यह अपने साथ परमाणु हथियारों को ले जाने में भी सक्षम है। राफेल अपने भार से डेढ़ गुना ज्यादा वजन उठाने के लिए जाना जाता है। अफगानिस्तान, सीरिया और लीबिया में इसने अपनी काबिलियत साबित कर दी है।
पाक के एफ-16 और चीन के जे-20 से उन्नत है राफेल
चीन अपने लड़ाकू विमान जे-20 को पांचवी पीढ़ी का विमान होने का दावा करता है लेकिन रक्षा विशेषज्ञ उसके दावे पर सवाल उठाते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि चीन का जे-20 यदि वास्तव में इतना उन्नत होता जैसा कि वह दावा करता है तो उसे रूस के सुखोई-35 की जरूरत क्यों पड़ती। इसके अलावा जे-20 का इंजन पुराना है। कुछ ऐसा ही हाल पाकिस्तान का भी है। पाकिस्तान का एफ-16 विमान भी राफेल के आगे नहीं टिक पाएगा। राफेल को लेकर पाकिस्तान की बेचैनी बढ़ गई है क्योंकि पाक के वायु सेना चीफ ने सेना प्रमुख बाजवा से हाल ही में मुलाकात की है।
लद्दाख सेक्टर में हो सकती है तैनाती
चीन के साथ सीमा पर जारी तनाव को देखते हुए ऐसी चर्चा है कि फ्रांस से भारत आने वाले इन राफेल विमानों की तैनाती लद्दाख सेक्टर में की जा सकती है। सूत्रों का कहना है कि भारत पहुंचने के बाद इन फाइटर जेट्स को ऑपरेशनल मोड में रखा जाएगा। ऑपरेशनल मोड में रखने से इन्हें कभी भी और कहीं पर भी इस्तेमाल किया जा सकता है। राफेल में लगने वाले हैमर हथियार पहाड़ की चोटियों पर बने बंकर को आसानी से निशाना बना सकते हैं।

