सुप्रीम कोर्ट में ज्ञानवापी मस्जिद सर्वे मामला, होनी है अहम सुनवाई

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated May 17, 2022, 08:18 AM IST

वाराणसी स्थित ज्ञानवापी मस्जिद केस में सुप्रींम कोर्ट में अहम सुनवाई होने जा रही है। मुस्लिम पक्षकारों में पूजा अधिनियम 1991 के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए वाराणसी की स्थानीय अदालत के फैसले को गलत ठहराया है।

सुप्रीम कोर्ट में ज्ञानवापी मस्जिद सर्वे मामला, होनी है अहम सुनवाई

ज्ञानवापी मस्जिद के सर्वे का काम पूरा हो चुका है। वाराणसी की स्थानीय अदालत के निर्देश पर सर्वे कराया गया था जिसकी रिपोर्ट 17 मई को पेश की जानी है। लेकिन इन सबके बीच मुस्लिम पक्ष की अर्जी पर सुप्रीम कोर्ट सुनवाई करने वाला है। मुस्लिम पक्ष का कहना है कि स्थानीय अदालत का आदेश पूजा अधिनियम 1991 का उल्लंघन है। न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली सर्वोच्च न्यायालय की पीठ मंगलवार को इलाहाबाद उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ दायर एक अपील पर सुनवाई करेगी, जिसमें अदालत द्वारा नियुक्त आयुक्त को वाराणसी में ज्ञानवापी मस्जिद का निरीक्षण, सर्वेक्षण और वीडियोग्राफी करने की अनुमति दी गई थी। याचिका अंजुमन इंतेजामिया मस्जिद कमेटी ने दायर की थी।

सर्वे के दौरान शिवलिंग मिलने का दावा
मस्जिद प्रतिष्ठित काशी विश्वनाथ मंदिर के करीब स्थित है और स्थानीय अदालत महिलाओं के एक समूह द्वारा इसकी बाहरी दीवारों पर मूर्तियों के सामने दैनिक प्रार्थना की अनुमति मांगने की याचिका पर सुनवाई कर रही है।इस बीच वाराणसी की स्थानीय अदालत ने आदेश दिया कि परिसर में एक तालाब को सील कर दिया जाए क्योंकि उसमें एक "शिवलिंग" पाया गया है। वाराणसी की अदालत ने जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा को आदेश दिया कि वह इलाके को सील कर दें और किसी भी व्यक्ति के क्षेत्र में प्रवेश पर रोक लगा दें. अपने आदेश में अदालत ने कहा कि डीएम, पुलिस आयुक्त और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के कमांडेंट वाराणसी होंगे।

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