Operation Tiger: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में शिवसेना (यूबीटी) को मिली करारी हार के बाद उद्धव ठाकरे की मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ नजदीकियां बढ़ने की खबरें सामने आने लगी, लेकिन उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने ऐसा चक्रव्यूह रचा कि अब शिवसेना (यूबीटी) के साथ बड़ा खेला हो सकता है। ऐसी रिपोर्ट्स हैं कि शिवसेना (यूबीटी) के 9 में से 6 सांसद एकनाथ शिंदे के संपर्क में हैं और जल्द ही उद्धव ठाकरे का साथ छोड़ सकते हैं।
शिंदे ने उद्धव ठाकरे के सांसदों को अपने पाले में लाने के लिए 'ऑपरेशन टाइगर' चलाया है और उन्हें काफी हद तक इसमें सफलता हासिल हुई है। रिपोर्ट्स में तो यह भी दावा किया जा रहा है कि शिंदे के 'ऑपरेशन टाइगर' को भाजपा का समर्थन प्राप्त है। अगर ऐसा है कि उद्धव ठाकरे के लिए यह दोहरा झटका है, क्योंकि वह देवेंद्र फडणवीस से नजदीकियां बढ़ाने की कोशिशों में जुटे हुए थे।
शिंदे का बढ़ेगा कद
अगर उद्धव के छह सांसदों को शिंदे शिवसेना में शामिल करा लेते हैं तो उद्धव के पास महज 3 सांसद ही बचेंगे, जबकि शिंदे का कद बढ़ जाएगा और लोकसभा में शिंदे गुटे के 13 सांसद हो जाएंगे। कहा तो यहां तक जा रहा है कि दल-बदल कानून से बचने के लिए उद्धव गुट के छह सांसदों को एक साथ पार्टी छोड़ने के लिए तैयार किया गया है। इस कानून के तहत अगर दो तिहाई से कम सांसद पार्टी छोड़ते तो उन पर बड़ा एक्शन हो सकता था। इसी वजह से 6 सांसदों का चयन किया गया।
'खत्म होगी शिवसेना यूबीटी'
शिंदे गुट के एक सांसद ने 6 सांसदों के शिवसेना में शामिल होने के संकेत भी दिए हैं। शिवसेना सांसद नरेश म्हस्के ने तो शिवसेना (यूबीटी) के पूरी तरह से खत्म होने की भविष्यवाणी कर दी है। उन्होंने कहा कि वहां पर सिर्फ उद्धव ठाकरे, संजय राउत और आदित्य ठाकरे ही बचेंगे।
समाचार एजेंसी एएनआई के साथ बातचीत में शिवसेना सांसद नरेश म्हस्के ने कहा कि पूरा यूबीटी ही खत्म होने वाला है। महाराष्ट्र के विधायक, पूर्व एमएलए, पार्षद सहित पक्ष के पदाधिकारी यूबीटी को छोड़कर एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना में शामिल हो रहे हैं। अभी उनके पास कोई रहने वाला नही है। शिवसेना यूबीटी में उद्धव ठाकरे, आदित्य ठाकरे और संजय राउत के अलावा कोई और नहीं बचेगा।
