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विपक्षी एकता को धार देने की कवायद,23 दलों के साथ दिल्ली में कल INDIA जनबंधन की बैठक; सरकार को घेरने की भी तैयारी

जयराम रमेश ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर बताया कि सोमवार दोपहर 12 बजे होने वाली 'INDIA जनबंधन' बैठक में 23 दल शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि कुछ दल अपने-अपने कारणों से बैठक में शामिल नहीं हो पा रहे हैं,लेकिन वे भी केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करते हैं।

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कांग्रेस नेता जयराम रमेश और पीएम मोदी।

लोकसभा चुनाव 2029 की तैयारियों और केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ साझा रणनीति बनाने के उद्देश्य से विपक्षी दलों का INDIA गठबंधन कल यानी सोमवार को नई दिल्ली के संविधान क्लब में होने जा रही है। कांग्रेस ने दावा किया है कि इस बैठक में शामिल होने के लिए 23 राजनीतिक दलों ने अपनी भागीदारी की पुष्टि कर दी है। इस बैठक के जरिए विपक्ष यह संदेश देने की कोशिश की जा रहा है कि गठबंधन मतभेदों के बावजूद एकजुट है।

कांग्रेस महासचिव और संचार प्रभारी जयराम रमेश (Jairam Ramesh) ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर बताया कि सोमवार दोपहर 12 बजे होने वाली "INDIA जनबंधन" बैठक में 23 दल शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि कुछ दल अपने-अपने कारणों से बैठक में शामिल नहीं हो पा रहे हैं,लेकिन वे भी केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करते हैं और विपक्षी एकता के साथ खड़े हैं।

इस दौरान कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार करोड़ों लोगों के मतदान के अधिकार को प्रभावित कर रही है,संविधान की भावना पर लगातार प्रहार कर रही है,विपक्षी नेताओं के खिलाफ जांच एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है और महंगाई तथा बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर जनता को निराश कर रही है। उन्होंने कहा कि "भारत की तरह INDIA जनबंधन भी अपनी विविधता के बावजूद एकजुट है।"

बैठक को 2029 के लोकसभा चुनावों की दिशा में विपक्षी दलों की रणनीतिक तैयारी के रूप में देखा जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, इसमें केंद्र सरकार को विभिन्न राष्ट्रीय मुद्दों पर घेरने, राज्यों में तालमेल बढ़ाने और विपक्षी एकता को मजबूत करने पर चर्चा होगी।

यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब गठबंधन के कुछ घटक दलों के बीच संबंधों में तनाव देखा जा रहा है। द्रविड मुनेत्र कषगम (द्रमुक) ने तमिलनाडु में कांग्रेस पर कथित ’विश्वासघात’ का आरोप लगाते हुए बैठक से दूरी बनाने का फैसला किया है। वहीं मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने कांग्रेस के शीर्ष नेताओं द्वारा केरल में वाम दलों पर भाजपा के साथ मिलीभगत का आरोप लगाए जाने पर नाराजगी जताई है।

सूत्रों के अनुसार, माकपा महासचिव एम.ए. बेबी ने हाल में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को पत्र लिखकर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं की उन टिप्पणियों पर स्पष्टीकरण मांगा है, जिनमें केरल में वामपंथी दल और भाजपा के बीच राजनीतिक मिलीभगत का जिक्र किया गया था।

    यह बैठक हाल में हुए विधानसभा चुनावों की पृष्ठभूमि में भी हो रही है, जिनमें तृणमूल कांग्रेस को पश्चिम बंगाल और द्रमुक को तमिलनाडु में सत्ता से बाहर होना पड़ा। खासकर हालिया विधानसभा चुनावों और कई राज्यों में बदलते राजनीतिक समीकरणों के बीच इस बैठक को विपक्षी दलों के बीच समन्वय और सहयोग को और मजबूत करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।

    आम आदमी पार्टी (आप) ने सार्वजनिक रूप से खुद को इस गठबंधन से अलग कर लिया है, जबकि द्रमुक ने इस सप्ताह बैठक के बहिष्कार का फैसला घोषित किया है। वहीं, तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने इसका समर्थन किया है। टीएमसी सांसद डेरेक ओ’ब्रायन ने कहा है कि यह एक साझा उद्देश्य और स्पष्ट इरादे से हो रही है। कई पार्टियां सौहार्द की भावना से इस बैठक के लिए उत्सुक हैं।

    Shiv Shukla
    शिव शुक्लाauthor

    शिव शुक्ला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में कार्यरत एक अनुभवी न्यूज राइटर हैं। छह वर्षों के पेशेवर अनुभव के साथ वे डिजिटल पत्रकारिता में तेज, सटीक और प्रभावी कंटेंट तैयार करने के लिए पहचाने जाते हैं। वह राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों, राजनीतिक घटनाक्रमों और गहन विश्लेषण पर विशेष पकड़ रखते हैं। ब्रेकिंग न्यूज कवरेज, लाइव ब्लॉग, एक्सप्लेनर और एनालिसिस आर्टिकल तैयार करने में उन्हें विशेषज्ञता हासिल है। शिव शुक्ला 8,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट प्रकाशित कर चुके हैं। मजबूत न्यूज सेंस, विश्लेषण क्षमता और स्पष्ट लेखन शैली उनकी खासियत है। उन्हें नए स्थानों की यात्रा करना और किताबें पढ़ने का शौक है, जो उनकी लेखन शैली एवं दृष्टिकोण को और समृद्ध बनाता है।

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