आंध्र प्रदेश के काकिनाडा जिले में एक पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट में मरने वालों की संख्या बढ़कर 20 हो चुकी है। इतना ही नहीं इस हादसे में छह अन्य लोग भी गंभीर रूप से घायल हैं, जिनका इलाज जारी है। राज्य की गृह मंत्री वंगलापुडी अनीता ने बताया कि वह खुद भी घटनास्थल के लिए रवाना हो चुकी हैं। वहीं, पर्यटन मंत्री के. दुर्गेश ने कहा कि मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू भी घटनास्थल का दौरा कर सकते हैं और मृतकों के परिजनों और घायलों से मुलाकात करेंगे। बता दें कि यह राज्य में अब तक का सबसे बड़ा धमाका है। जब यह विस्फोट हुआ तो तीव्रता इतनी अधिक थी कि किसी के बचने की संभावना नहीं दिखती। घटनास्थल पर फिलहाल राहत और बचावकार्य जारी है।
उड़कर खेतों में जा गिरे शव
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वेटलापालम गांव (समरलकोटा मंडल) में स्थित सूर्या फायरवर्क्स’ नामक फैक्ट्री में धमाका इतना शक्तिशाली था कि कई शव पास के धान के खेतों में जा गिरे। इतना ही नहीं हादसे के बाद आसपास के हरे-भरे खेच तक जल गए थे वहीं, मृतकों के शरीर के टुकड़े पूरे खेतों में फैले हुए थे। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि स्थानीय लोग खाद की बोरियों में शवों को उठाकर ले जाते नजर आए।
ड्रोन से अंगों की तलाश
पुलिस ने बताया कि आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है, जिसके बाद यह विस्फोट हुआ। धमाके के बाद फैक्ट्री परिसर से आग और धुएं के गुबार उठते देखे गए। फिलहाल, पुलिस ने आसपास के कृषि क्षेत्रों में बिखरे शवों और अवशेषों की तलाश के लिए ड्रोन तैनात किए हैं। मामले की विस्तृत जांच जारी है।
काकीनाडा सरकारी सामान्य अस्पताल के अधीक्षक ने बताया कि हादसे के बाद अस्पताल में सात झुलसे हुए मरीज लाए गए थे, जो 90 से 100 प्रतिशत तक जल चुके हैं। सभी का उपचार जारी है।
इस बीच, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने घटना पर दुख व्यक्त किया। नायडू ने सोशल मीडिया मंच ’एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि काकिनाडा जिले के वेत्लापलेम गांव में पटाखा निर्माण इकाई में विस्फोट की घटना में कई लोगों की मौत बेहद दुखद है। नायडू ने कहा कि उन्होंने दुर्घटना के संबंध में अधिकारियों से बात की और उन्हें पीड़ितों को तत्काल सहायता प्रदान करने का निर्देश दिया।
