रोजाना चाय और कॉफी पीकर दिन शुरू करना तो पूरी दुनिया का सबसे पसंदीदा शगल है। छुट्टियों के दिन तो इसकी खपत और भी बढ़ जाती है। हालांकि चाय और कॉफी पीते हुए बहुत से लोगों के मन में एक ग्लानि का भाव आता है, क्योंकि वे इससे होने वाले नुकसान के बारे में सुनते रहते हैं। अब चाय-कॉफी प्रेमियों के पास अपना पसंदीदा ड्रिंक पीने का एक और बहाना मिल गया है। एक स्टडी आई है, जो कहती है कि नियमित रूप से चाय और कॉफी पीने वालों में सिर और गर्दन के कैंसर होने का जोखिम थोड़ा कम होता है। आइए जानते हैं इस रिपोर्ट के बारे में।
कैंसर का खतरा होता है कम
अमेरिकन कैंसर सोसाइटी जर्नल में छपी इस रिपोर्ट से पता चलता है कि कॉफी और चाय में मौजूद कैफीन जैसे बायोएक्टिव कंपाउंड्स में एंटीइंफ्लेमेंट्री और एंटीऑक्सीडेंट के गुण होते हैं जो कैंसर के रिस्क को कम करने में मदद करते हैं। और भी कई स्टडी ये बात कहती हैं कि एक सीमा में कॉफी का सेवन हमें कई तरह की बीमारियों से बचा सकता है।
क्या कहती है रिसर्च
इस रिसर्च से ये पता चला कि कॉफी न पीने वालों की तुलना में जो लोग रोजाना 4 कप से ज्यादा, कॉफी पीते हैं उनमें सिर और गर्दन के कैंसर का रिस्क 17 प्रतिशत तक कम पाया गया। साथ ही उनमें मुंह के कैंसर का खतरा 30 प्रतिशत कम और गले के कैंसर का खतरा 22 प्रतिशत तक कम पाया गया। हालांकि चाय के मामले में रिजल्ट उतने साफ नहीं आए, लेकिन फायदे इसके भी हैं। दिन में एक कप या इससे कम चाय पीने से सिर और गर्दन के कैंसर की आशंका 9 प्रतिशत कम होती है।
कैसे हुई स्टडी
अध्ययन के लिए, शोधकर्ताओं ने यूरोप, उत्तरी अमेरिका और लैटिन अमेरिका के 14 अध्ययनों के डेटा को जांचा परखा। जिसमें सिर और गर्दन के कैंसर से पीड़ित लगभग 9,550 रोगियों और 15,800 स्वस्थ लोग शामिल थे। प्रतिभागियों ने अपने साल भर में पिए जाने वाले कॉफी-चाय की खपत के बारे में पूछे गए सवालों का जवाब दिया, जिस आधार पर आंकड़े निकाले गए।
एक्सपर्ट ने क्या कहा
इस स्टडी की सिनियर ऑथर साथ ही हंट्समैन कैंसर इंस्टीट्यूट और यूटा स्कूल ऑफ मेडिसिन से जुड़ी डॉ. युआन-चिन एमी ली ने कहा, "हालांकि कॉफी और चाय के सेवन और कैंसर के कम जोखिम पर पहले भी कई शोध हो चुके हैं, लेकिन इस स्टडी ने सिर और गर्दन के कैंसर के अलग-अलग प्रभावों के बारे में बताया है, जिसमें यह भी शामिल है कि बिना कैफीन वाली कॉफी भी कुछ हद तक कारगर है।"
डिस्क्लेमर: इस लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
