वर्ल्ड सिनेमा

Karan Johar नहीं बनाना चाहते हॉलीवुड मूवी, बोले 'जिस भाषा के साथ मैं बड़ा...'

Karan Johar on Hollywood debut: बॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री के जाने-माने डायरेक्टर करण जौहर (Karan Johar) ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि वो हॉलीवुड इंडस्ट्री में कदम नहीं रखना चाहते हैं। वो उसी भाषा में फिल्म बनाना चाहते हैं, जो भाषा उनके साथ बचपन से है। वो हिन्दी दर्शकों के लिए ही मूवीज बनाना चाहते हैं।

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Karan Johar

Karan Johar on Hollywood debut: बॉलीवुड फिल्म निर्माता-निर्देशक करण जौहर ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि उनका सपना नहीं है कि वो हॉलीवुड में फिल्में बनाएं। वो हमेशा हिन्दी दर्शकों के लिए ही फिल्में बनाना चाहते हैं क्योंकि इस भाषा के साथ वो बड़े हुए हैं। करण जौहर ने कहा है कि वो ऑस्कर जैसे इवेंट्स पर भी तभी जाना चाहते हैं जब वो भारतीय सिनेमा को वहां प्रेजेंट कर पाएं। करण जौहर (Karan Johar) के अनुसार उनका दिल हमेशा से भारत में बसा है और हमेशा यहीं कहा रहेगा।

करण जौहर के अनुसार, 'लॉस एंजेलिस में कई दफा आने के बाद मुझे एहसास हुआ है कि मेरा दिल भारत में ही बसता है और मेरा सिनेमा ही मेरा दिल है। मैं भारत को कभी भी नहीं छोड़ना चाहता हूं। मैं ऐसी भाषा में फिल्म नहीं बनाना चाहता हूं, जिसके साथ मैं बड़ा नहीं हुआ हूं। मैं हिन्दी भाषा के साथ बड़ा हुआ हूं और उसी भाषा में मूवीज बनाना चाहता हूं।'

जब करण जौहर से पूछा गया कि क्या वो कभी ऑस्कर जैसे अवॉर्ड्स नहीं जीतना चाहते हैं तो उन्होंने कहा, 'ऐसे अवॉर्ड्स जीतने के लिए मुझे हॉलीवुड फिल्म बनाने की जरूरत नहीं है। अगर मैं हिन्दी फिल्मों को ऐसे मंच पर प्रेजेंट कर पाया तो भी मैं खुद को सफल मानूंगा।' करण जौहर ने ओटीटी प्लैटफॉर्मेंस का शुक्रिया कहा है, जिनकी वजह से भारतीय फिल्में विदेशी लोग आराम से घर बैठे देख सकते हैं।

Rahul Sharma
राहुल शर्माauthor

राहुल शर्मा एंटरटनमेंट जर्नलिज्म में 13 वर्षों का समृद्ध अनुभव रखते हैं। वह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की एंटरटेनमेंट टीम के लीड के रूप में काम कर रहे हैं। जर्नलिज्म में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा करने वाले राहुल अब तक 14,000 से अधिक लेख लिख चुके हैं। अपने करियर के दौरान उन्होंने कई बड़े बॉलीवुड और टीवी सितारों के एक्सक्लूसिव इंटरव्यू किए हैं, साथ ही प्रभावशाली फिल्म रिव्यू, फीचर स्टोरीज और रोचक थ्रोबैक आर्टिकल भी लिखे हैं। उनकी लेखन शैली में गहराई, सहजता और इंडस्ट्री की गहरी समझ साफ झलकती है। राहुल को फिल्में देखना, नई जगहों की यात्रा करना और किताबें पढ़ना बेहद पसंद है, जो उनकी रचनात्मकता और कंटेंट गुणवत्ता को और निखारते हैं।

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