Gold smuggling case: गोल्ड स्मगलिंग के मामले में गिरफ्तार एक्ट्रेस रान्या राव ने हाल ही में राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) के अधिकारियों पर मारपीट करने और उनपर दबाव डालने का आरोप लगाया है। इसी बीच उनके सौतेले पिता और वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी और पुलिस महानिदेशक (कर्नाटक पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन) के रामचंद्र राव को 'कंपल्सरी लीव' पर जाने का आदेश दिया गया है।
रामचंद्र तब सुर्खियों में आए जब उनकी बेटी रान्या को 3 मार्च को राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) द्वारा केम्पेगौड़ा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे (केआईए) पर गिरफ्तार किया गया। रिपोर्ट के अनुसार वह दुबई से 14.2 किलोग्राम सोने की तस्करी करने की कोशिश कर रही थी। राव्या महीने में 4-5 बार दुबई जाती थी। जिस करने पुलिस को शक था।
बेटी ने दिया पिता का साथ
वही रान्या ने बेंगलुरु सेंट्रल जेल के मुख्य अधीक्षक के माध्यम से डीआरआई के अतिरिक्त महानिदेशक को पत्र लिखकर सोने की तस्करी मामले में अपने पिता की इन्वॉल्वमेंट को खारिज कर दिया है और एक्ट्रेस ने दावा किया है कि उन्हें झूठा फंसाया जा रहा है।
दबाव बनाकर करवाए गए खाली पन्नों पर सिग्नेचर
6 मार्च को लिखे गए पांच पन्नों के पत्र में कहा गया है- "मुझे प्लेन के अंदर से पकड़ा गया और मुझे समझाने का मौका दिए बिना ही गिरफ्तार कर लिया गया। मेरी गिरफ्तारी से लेकर अदालत में पेश किए जाने तक, मुझे उन अधिकारियों ने कम से कम 10-15 बार मारा और चेहरे पर थप्पड़ भी मारे है। जिन्हें मैं पहचान सकता हूं। साथ ही उनमें से एक ने कहा कि अगर मैंने उनके द्वारा तैयार किए गए डाक्यूमेंट्स पर सिग्नेचर नहीं किए, तो वे मेरे पिता का नाम और पहचान उजागर कर देंगे, जबकि वे जानते थे कि वे इसमें शामिल नहीं थे।" रान्या ने पत्र में कहा कि दबाव और शारीरिक उत्पीड़न के कारण, उन्हें 50-60 टाइप किए हुए पेपर और लगभग 40 खाली पेपर पर सिग्नेचर करने पड़े।
