Huma Qureshi And Vijay Varma On Delhi Protest: राजधानी दिल्ली पर इन दिनों पूरे देश की निगाहें हैं। दिल्ली में चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन चल रहा है। चुनाव आयोग के चीफ ज्ञानेश कुमार के इस्तेमाल की मांग लगातार हो रही है, लेकिन पुलिस भी इस बार आंदोलन को बढ़ने नहीं दे रही है। पुलिस की तरफ से लगातार प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया जा रहा है, जिस वजह से सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा फूट रहा है। इस पूरे मामले पर विजय वर्मा और हुमा कुरैशी का रिएक्शन सामने आया है। विजय वर्मा (Vijay Varma) ने तंज कसा है और हुमा कुरैशी (Huma Qureshi) ने खुलकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के समर्थन में बात कही है। टाइम्स नाउ नवभारत पर यह भी पढ़ें: Bigg Boss 20: घी के चक्कर में Arishfa Khan और Kanika Mann की गंदी लड़ाई, नागिन एक्ट्रेस को मिला चोर का टैग
विजय वर्मा ने कसा तंज
विजय वर्मा ने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक पोस्ट शेयर किया है, जिसमें उन्होंने ज्ञानेश कुमार की एक तस्वीर शेयर की और उस पर तंज के लहजे से दो शब्द लिखे। इस फोटो पर लिखा, 'फ्री और फेयर इलेक्शन का चेहरा।' इसके साथ ही उन्होंने हॉलीवुड फिल्म सेविंग प्राइवेट रेयान के नाम का इस्तेमाल करते हुए तंज कसा और लिखा, 'सेविंग प्राइवेट ग्यान।' इस तस्वीर के अलावा विजय ने कैप्शन में लिखा, 'हमारे नेशनल हीरो को बचाने के लिए फोर्सेस का साथ आना देखकर बहुत खुशी हुई, इनकी हर कीमत पर रक्षा की जाए।' विजय वर्मा का सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। टाइम्स नाउ नवभारत पर यह भी पढ़ें:Bigg Boss 20 Highlights: सलमान खान ने आम्रपाली को दिया रियलिटी चैक, नकुल धुल ने आते ही स्काउट OP को दी चेतावनीहुमा कुरैशी ने किया सपोर्ट
इस मामले पर हुमा कुरैशी ने दिल्ली में प्रोटेस्ट कर रहे प्रदर्शनकारियों का सपोर्ट किया। इस मौके पर उन्होंने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने की कड़ी निंदा की। उन्होंने लंबे चौड़े पोस्ट में लिखा कि हम दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में रहते हैं। शांतिपूर्ण तरीके से प्रोटेस्ट करना और सरकार से सवाल पूछना हर नागरिक का मौलिक अधिकार है, यह सरकार की तरफ से दी गई कोई दया नही है। इसके आगे हुमा कुरैशी ने ये क्लियर भी किया कि उनका ये बयान किसी भी राजनीतिक पार्टी से जुड़ा हुआ नहीं है और वह सिर्फ उन लोगों का सपोर्ट कर रही हैं, जो शांति से सरकार से जवाब मांग रहे हैं।
हुमा ने अपने पोस्ट में ये भी बताया कि उन्हें अपनी बातों के लिए ट्रोलिंग का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन देश के लिए उनके दिल में जो प्यार है, वह उसकी वजह से कभी चुप नहीं बैठ सकती हैं। उनके पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है और न ही उन्हें किसी को अपनी देशभक्ति साबित करने की जरूरत है। देशभक्ति का मतलब सब कुछ सहकर चुप रहना नही होता है। लोकतंत्र में अपनी बात रखना या विरोध जताना देश विरोधी नहीं है। आखिर में हुमा ने ये भी लिखा कि दुनिया सब देख रही है और हमें अपने सिस्टम में सुधार करना चाहिए ताकि किसी भी नागरिक की आवाज को दबाया न जा सके।
