भारतीय सिनेमा के संस्थापक दादा साहब फाल्के को जल्द ही सिनेमाई श्रद्धांजलि दी जाएगी। जल्द ही दादा साहब फाल्के पर बायोपिक बनाई जाएगी। 2023 में एसएस राजामौली ने मेड इन इंडिया की घोषणा की और अफवाहों के अनुसार जूनियर एनटीआर इस बायोपिक में लीड रोल में नजर आएंगे। हाल ही में आमिर खान और राजकुमार हिरानी ने आधिकारिक तौर पर घोषणा की कि वे फाल्के की बायोपिक के लिए 10 साल बाद फिर से साथ आएंगे। दिग्गज पर दो बायोपिक के बीच, उनके पोते चंद्रशेखर श्रीकृष्ण पुसालकर ने आमिर-हिरानी की तारीफ, लेकिन वो राजामौली से खुश नजर नहीं आ रहे हैं। आइए जानते हैं कि उन्होंने क्या बोला है।
हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान चंद्रशेखर ने फाल्के पर बायोपिक बनाने के लिए आरआरआर निर्देशक राजामौली पर अपनी निराशा व्यक्त की। पोते का मानना है कि बिना उनके परिवार को सूचित किए राजामौली ऐसा फैसले ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि बाहुबली निर्देशक ने बायोपिक के लिए उनसे कभी संपर्क नहीं किया। "मैं राजामौली के प्रोजेक्ट के बारे में चर्चा सुन रहा हूं, लेकिन उन्होंने इसके लिए मुझसे कभी संपर्क नहीं किया। राजामौली की ओर से किसी ने मुझसे बात नहीं की। अगर कोई फाल्के जी पर फिल्म बना रहा है, तो कम से कम परिवार से बात तो करनी चाहिए। परिवार को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता, असली कहानियां हम ही जानते हैं।"
विद्या बालन को मिलेगा लीड रोल
चंद्रशेखर ने आमिर और हिरानी की जमकर तारीफ की। क्योंकि टीम उनसे तीन सालों से संपर्क में हैं। पोते का मानना है कि टीम अपनी रिसर्च सही तरीके से कर रहे हैं और फिल्म के फ्लोर पर आने से पहले तथ्यों की जांच कर रहे हैं। चंद्रशेखर ने कहा-"आमिर-हिरानी की टीम ने भरोसा जीतने के लिए कड़ी मेहनत की। आमिर खान और राजकुमार हिरानी का प्रोजेक्ट मेरे लिए भी एक सरप्राइज था। मुझे अभी पता चला कि उन्होंने समझौता कर लिया है, लेकिन उनके सहायक निर्माता हिंदुकुश भारद्वाज पिछले तीन सालों से मेरे संपर्क में हैं। वह मुझसे बार-बार मिलने आते थे, रिसर्च करते थे और विवरण पूछते थे। मैंने उनसे साफ कहा, 'आप लोग ईमानदारी से काम कर रहे हैं, आप आगे बढ़ें, मुझे कोई आपत्ति नहीं है'। उन्होंने कहा मुझे लगता है कि विद्या बालन उनकी दादी, दादासाहेब की पत्नी, सरस्वतीबाई फाल्के की भूमिका निभाने के लिए बेस्ट रहेंगी।
