CUET UG 2022: सीयूईटी 2022 की परीक्षा का फेज-1 15 जुलाई (शुक्रवार) से शुरू हो गया। परीक्षा 15, 16, 19, 20 जुलाई 2022 तक होगी। साथ ही फेज-2 की परीक्षा 4 और 20 अगस्त को होगी। छात्रों को यूनिवर्सिटी में दाखिले की मारामारी, कट ऑफ के प्रेशर से बचाने के लिए नेशनल एजुकेशनल पॉलिसी ने सीयूईटी की परीक्षा का प्रावधान किया था। ये परीक्षा इतनी बड़ी है कि इस बार मतलब 2022 में 14 लाख से ज्यादा छात्रों ने रजिस्ट्रेशन कराया था, लेकिन सहूलियत के लिए शुरू की गई ये परीक्षा ने बड़ी संख्या तक छात्रों को लास्ट मूमेंट तक संशय में रखा।
ऐसा हम इसलिए कह रहे हैं क्योंकि जो इस साल 12वीं पास करके ग्रेजुएशन में दाखिला लेना चाहते हैं उनके सामने समस्या ये है कि कॉमन यूनिवर्सिटी एडमिशन टेस्ट के पहले फेज की शुरुआत तो 15 जुलाई से हो गई, लेकिन अभी तक सीबीएसई के 12वीं के परीक्षा परिणाम घोषित नहीं हुए हैं। ऐसे में छात्रों के मन में ये परेशानी है कि वो अपने मनपसंद कोर्स में एडमिशन लेने में लेट हो रहे हैं। साथ ही जिन बच्चों को पढ़ाई के लिए विदेश जाना है, उनके दाखिले में नतीजों का लटका होना बड़ी समस्या बन गया है।
सीयूईटी एग्जाम की कट ऑफ प्रेशर को कम करेगी?
कट ऑफ प्रेशर कम होगा या नहीं ये तो सभी परीक्षाएं पूरी हो जाने के बाद ही पता चल पाएगा, लेकिन कुछ मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो दिल्ली विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो दिनेश सिंह का कहना है कि तमाम परीक्षाओं की तरह छात्रों के सामने एक और परीक्षा आई है। आगे ये देखना होगा कि इस परीक्षा का आगे छात्रों को कितना फायदा मिलता है या फिर इसका भी हाल JEE और NEET जैसा होगा।
क्या है सीयूईटी 2022 का सिलेबस?
सीयूईटी पाठ्यक्रम में 11वीं और 12वीं क्लास के मौजूदा एनसीईआरटी सिलेबस के अलावा एक्स्ट्रा एलिमेंट भी होंगे यानि कि बीते 2 सालों से कोरोना के कारण घटाया गया सिलेबस भी इसमें शामिल किया गया है। इससे तमाम परीक्षाओं की तैयारी का दबाव और कम समय मिलने के कारण छात्रों पर दबाव पड़ रहा है।
डेटशीट से नाखुश हैं छात्र
कुछ छात्र सीयूईटी की डेटशीट से भी नाखुश हैं, क्योंकि उनके नीट या जेईई के पेपर उसी दिन या परीक्षा के ठीक पहले कुछ दिनों में हो रहे हैं। छात्रों को लगता है इससे उनकी एक परीक्षा प्रभावित होगी। साथ ही कम समय में ज्यादा पढ़ाई का बोझ पढ़ जाएगा, लेकिन अब जब डेटशीट सामने आ ही गई है और फेज-1 की एक परीक्षा हो ही गई है तो उनके पास कोई रास्ता नहीं बचता।
दरअसल पहली बार ये परीक्षा हो रही है और शायद इसीलिए छात्रों और उनके माता-पिता के लिए भी ये थोड़ा सा पेरशानी भरा सा लगा रहा है। उम्मीद है कि आने वाले समय में हर समस्या का हल हो जाएगा। फिर जो छात्रों को सीयूईटी एग्जाम से डर लग रहा है वो खत्म हो जाएगा।

