Mahakumbh 2025: प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ में आस्था की डुबकी लगाने वालों का आंकड़ा 15 करोड़ के पार हो चुका है और मौनी अमावस्या के मौके पर 8 से 10 करोड़ लोगों के आगमन का अनुमान है। ऐसे में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं और चप्पे-चप्पे पर पुलिस निगरानी हो रही है।
बता दें कि श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, प्रतिदिन संगम में डुबकी लगाने और आध्यात्मिक पुण्य के लिए लाखों लोग पहुंच रहे हैं। स्नान पर्वों के दौरान यह संख्या करोड़ों में पहुंच जाती है।
40 करोड़ लोगों के आगमन का अनुमान
महाकुंभ में 40 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है। पिछले 17 दिनों में महाकुंभ में 15 करोड़ से ज्यादा लोग स्नान कर चुके हैं। इसी के साथ एक नया रिकॉर्ड स्थापित हुआ है। अब तक आयोजित हुए कुंभ मेले में पहली बार 15 करोड़ से ज्यादा लोगों ने स्नान किया। मकर संक्रांति के दिन 3.5 करोड़ श्रद्धालुओं, पूज्य संतो और कल्पवासियों ने अमृत स्नान किया था।
मौनी अमावस्या को लेकर विशेष व्यवस्था लागू
प्रयागराज महाकुंभ में 29 जनवरी को मौनी अमावस्या के महापर्व पर प्रयागराज रेल मंडल के स्टेशनों पर विशेष व्यवस्था लागू की जाएगी। एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि महाकुम्भ में अब तक 13 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु संगम में स्नान कर चुके हैं। इसमें कहा गया है कि आगमी 29 जनवरी को महापर्व मौनी अमावस्या पर अमृत स्नान को लेकर तैयारी जारी है। मौनी अमावस्या के पर्व पर 10 करोड़ श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है।
श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या को देखते हुए प्रयागराज रेल मंडल ने भी विशेष प्रबंध किए हैं। मौनी अमावस्या पर्व के दिन प्रयागराज रेल मंडल ने शहर के सभी स्टेशनों पर यात्रियों के आने और जाने के लिए विशेष योजना बनाई है। बयान के मुताबिक, 25 जनवरी से ही लगभग एक करोड़ यात्री प्रतिदिन महाकुंभ में आने लगे हैं। इतनी भारी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा और उनकी सुगम निकासी के लिए प्रयागराज रेल मंडल ने शहर के सभी स्टेशनों के लिए विशेष योजना और कुछ प्रतिबंध लागू किये हैं। ये प्रतिबंध मौनी अमावस्या से एक दिन पहले और दो दिन बाद तक लागू रहेंगे।
