Noida News: उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा नोएडा के विकास को और बढ़ाने की दिशा में काम किया जा रहा है। विकास की दिशा में आगे बढ़ते हुए नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट आने-जाने वाले लोगों की यात्रा को और सुगम बनाने के लिए लाइट ट्रांजिट रेल के संचालन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है। पॉड टैक्सी परियोजना में अधिक खर्च को देखते हुए इस ट्रेन के संचालन की करने की तैयारी की जा रही है। ये ट्रेन नोएडा एयरपोर्ट से फिल्म सिटी तक चलाई जाएगी। यूपी सरकार से मंजूरी मिलने के बाद अब लाइट ट्रांजिट रेल के संचालन के इस प्रस्ताव को केंद्रीय शहरी आवासन मंत्रालय को भेज दिया गया है। यहां से मंजूरी मिलने के बाद इसका कार्य शुरू किया जाएगा।
नमो भारत और मेट्रो लाइन ट्रैक पर दौड़ेगी रेल
एक अधिकारी ने बताया कि लाइट ट्रांजिट रेल (एलआरटी) नमो भारत और मेट्रो लाइन के ट्रैक पर दौड़ेगी। इस ट्रेन के संचालन का फैसला एयरपोर्ट से आने वाले यात्रियों की यात्रा को और सुगम बनाने के लिए किया जा रहा है। एलआरटी का संचालन 14 किमी लंबे मार्ग पर किया जाएगा, जिसकी मंजूरी प्रदेश सरकार द्वारा दे दी गई है। केंद्रीय शहरी आवास मंत्रालय मंजूरी मिलने के बाद दो से तीन महीने के भीतर इस परियोजना का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
लाइट ट्रांजिट रेल ने ली पॉड टैक्सी की जगह
अधिकारी ने बताया कि फिल्म सिटी से एयरपोर्ट के लिए पहले पॉड टैक्सी की शुरुआत की जा रही थी। लेकिन प्रस्ताव में बदलाव करते हुए अब एलआरटी का संचालन किया जाएगा। बता दें कि पॉड टैक्सी की तुलना में एलआरटी की स्पीड अधिक होगी। इससे यात्री कम समय में अपने गंतव्य पर पहुंच सकेंगे। इससे ऊर्जा की खपत भी बचेगी। अधिक क्षमता के साथ कम खर्च को देखते हुए एलआरटी का संचालन किया जा रहा है।
इन स्थानों पर होगा ट्रैक का निर्माण
यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) की बृहस्पतिवार को हुई बोर्ड बैठक में चेयरमैन अनिल सागर के समक्ष हवाई अड्डा से गाजियाबाद, ग्रेटर नोएडा वेस्ट और नोएडा को जोड़ने वाली परियोजनाओं पर प्रस्तुति दी गई। इसमें बताया गया कि दो चरणों में प्रस्तावित, गाजियाबाद से हवाई अड्डा के बीच ट्रैक का निर्माण अब एक साथ किया जाएगा। पूर्व योजना के अनुसार, पहले चरण में गाजियाबाद के सिद्धार्थनगर से इकोटेक-6 तक 39.39 किलोमीटर लंबा ट्रक और दूसरे चरण में इकोटेक-6 से हवाई अड्डा तक 32.90 किलोमीटर लंबा ट्रक बनना था। पूरी तरह से ‘एलिवेटेड ट्रैक’ पर ‘नमो भारत’ 140 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से सफर तय करेगी।
प्राधिकरण करेगा धनराशि की व्यवस्था
अधिकारी ने बताया कि परियोजना को पूरा करने के लिए भारत सरकार और उत्तर प्रदेश सरकार 20-20 फीसदी का अंशदान करेंगी। इसके निर्माण में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) लागत का 60 फीसदी खर्च करेगा। एनसीआरटीसी की असमर्थता पर धनराशि की व्यवस्था गाजियाबाद विकास प्राधिकरण, ग्रेटर नोएडा, यमुना विकास प्राधिकरण और नोएडा इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड (नायल) करेगा।
परियोजना में 20 करोड़ रुपये का खर्च
यमुना विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी डॉक्टर अरुण वीर सिंह ने बताया कि एक ही ट्रैक पर ‘नमो भारत’, ‘मेट्रो’ और ‘एलआरटी’ संचालन के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की गई है। इसके लिए 14.6 किलोमीटर का अलग ट्रैक बनाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। ‘लाइट ट्रांजिट रेल’ 21 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ेगी। सिंह ने बताया कि हर मेट्रो के बीच सेवा का अंतराल 3.5 मिनट, रैपिड रेल के बीच यह अंतराल सात मिनट और एलआरटी के लिए सेवा का अंतराल आठ मिनट रहेगा। उन्होंने बताया कि परियोजना पर करीब 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक का खर्च आएगा।
(इनपुट - भाषा)
