कोलकाता

West Bengal News: काली पूजा से पहले डायमंड हार्बर पुलिस की बड़ी कार्रवाई; 1 टन अवैध पटाखे जब्त

काली पूजा और जगद्धात्री पूजा से पहले दक्षिण 24 परगना जिले की डायमंड हार्बर पुलिस ने अवैध पटाखों के खिलाफ एक महीने तक चले अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। इस अभियान का उद्देश्य पर्यावरण-अनुकूल उत्सव को बढ़ावा देना और जन सुरक्षा सुनिश्चित करना था। महेशतला और बजबज इलाकों में केंद्रित छापेमारी के दौरान लगभग 1,000 किलोग्राम प्रतिबंधित पटाखे जब्त किए गए।

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महीने तक चले अभियान में बड़ी सफलता हासिल (सांकेतिक तस्वीर)

Firecracker Seized by Diamond Harbour Police: काली पूजा और जगद्धात्री पूजा से पहले दक्षिण 24 परगना जिले की डायमंड हार्बर पुलिस जिले ने अवैध पटाखों के खिलाफ एक महीने तक चले अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। इस दौरान पुलिस ने जिले भर में कई छापेमारी अभियानों के तहत लगभग 1 हजार किलोग्राम प्रतिबंधित पटाखे जब्त किए हैं। यह कार्रवाई ईको-फ्रेंडली उत्सव को बढ़ावा देने और सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए की गई है।

1000 किलो जब्त हुए पटाखे

डायमंड हार्बर के पुलिस अधीक्षक (SP) बिशप सरकार ने बताया, “त्योहारी मौसम में पटाखों का व्यापक उपयोग देखा जाता है। हमारा उद्देश्य पर्यावरण-अनुकूल पटाखों को प्रोत्साहित करना और प्रतिबंधित पटाखों के निर्माण और बिक्री पर रोक लगाना है। पिछले एक महीने में महेशतला और बजबज पुलिस थानों की टीमों ने कई छापे मारे, जिसके परिणामस्वरूप 1,000 किलोग्राम अवैध पटाखे जब्त किए गए। इस संबंध में 23 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं, और जब्त सामग्री को जीडी प्रक्रियाओं के तहत सुरक्षित रूप से निष्क्रिय किया गया है।” साथ ही उन्होंने जनता से पर्यावरण-अनुकूल आतिशबाजी का उपयोग करने और कानून का पालन करने की अपील की।

अब तक दर्ज हो चुके हैं 25 मामले

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) मिथुन कुमार डे ने कहा, “जिले में अवैध पटाखों का उत्पादन और बिक्री मुख्य रूप से बजबज और महेशतला इलाकों में केंद्रित है। पिछले एक महीने से लगातार छापेमारी की जा रही है और यह अभियान अगले कुछ दिनों तक जारी रहेगा। अब तक 25 मामले दर्ज किए जा चुके हैं। हम अवैध पटाखों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपना रहे हैं।”

डीजे के बाद पटाखों पर नकेल

उन्होंने बताया कि स्थानीय निवासियों के सहयोग से पुलिस पहले तेज आवाज वाले डीजे सिस्टम पर अंकुश लगाने में सफल रही थी और अब यही रणनीति अवैध आतिशबाजी पर लागू की जा रही है। एएसपी मितुन कुमार डे ने यह भी बताया कि डायमंड हार्बर, उस्ती और फाल्टा इलाकों में पहले अवैध पटाखा निर्माण की गतिविधियां सामने आई थी। हालांकि, पुलिस की सख्ती और जागरूकता अभियानों के कारण कई लोग इस गैरकानूनी व्यापार से बाहर हो चुके हैं।

पर्यावरण संरक्षण को मिलेगा बढ़ावा

उन्होंने कहा, "हमारा लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि पूजा आयोजक और स्थानीय निवासी पर्यावरण-अनुकूल पटाखों का उपयोग करें। हम घरों पर भी नजर रख रहे हैं ताकि कोई विस्फोटक सामग्री जमा न कर सके।" पुलिस ने लाइसेंस प्राप्त पटाखा निर्माताओं को भी सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन करने की चेतावनी दी है।

एएसपी मितुन कुमार डे ने जोर देकर कहा, “हमारा सामूहिक लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि आतिशबाजी के कारण किसी की जान न जाए।” यह अभियान न केवल त्योहारी मौसम को सुरक्षित बनाने में मदद करेगा, बल्कि पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा देगा।

(इनपुट-आईएएनएस)

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

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