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श्योपुर में घायल मिले 19 महीने के चीते 'KNG22' की मौत, शिकारियों ने मार डाला, शरीर में मिले बंदूक के 5 छर्रे

डॉक्टरों द्वारा किए गए सीटी स्कैन और इमरजेंसी सर्जरी के दौरान चीते के शरीर से बंदूक के 5 छर्रे बरामद हुए हैं, जिससे अवैध शिकार की आशंका गहरा गई है।

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श्योपुर वन क्षेत्र में चीते को शिकारियों ने मारा (फाइल फोटो)

Photo : PTI

Cheetah KNG22 Died: मध्य प्रदेश के श्योपुर प्रादेशिक वन मंडल (Sheopur Territorial Forest Division) से बचाए गए 19 महीने के एक नर चीते 'KNG22' की इलाज के दौरान दर्दनाक मौत हो गई है। डॉक्टरों द्वारा किए गए सीटी स्कैन और इमरजेंसी सर्जरी के दौरान चीते के शरीर से बंदूक के 5 छर्रे बरामद हुए हैं, जिससे अवैध शिकार की आशंका गहरा गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने घटना की विस्तृत जांच के लिए वन और पुलिस अधिकारियों को मिलाकर एक विशेष कार्य बल (STF) का गठन कर दिया है।

घटनाक्रम और रेस्क्यू

प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यप्राणी) और मुख्य वन्यप्राणी अभिरक्षक, मध्य प्रदेश द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी के अनुसार, 25 अक्टूबर 2026 को श्योपुर प्रादेशिक वन मंडल के कंपार्टमेंट नंबर 748 में 19 वर्षीय नर चीता 'KNG22' गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिला था। वन विभाग की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे सुरक्षित रेस्क्यू किया और इलाज शुरू किया।

एक्स-रे और शुरुआती इलाज

शुरुआती एक्स-रे (X-ray) जांच में चीते के शरीर के अलग-अलग हिस्सों में कई बाहरी चीजें धंसी हुई दिखाई दीं, जिसके आधार पर प्राथमिक चिकित्सा शुरू की गई।

सीटी स्कैन में बड़ा खुलासा

हालत में सुधार न होने पर जब चीते का विस्तृत सीटी स्कैन कराया गया, तो पता चला कि इन बाहरी वस्तुओं ने चीते के आंतरिक अंगों, मस्कुलोस्केलेटल सिस्टम (मांसपेशियों और हड्डियों) और तंत्रिका तंत्र को बेहद गंभीर नुकसान पहुंचाया था।

इमरजेंसी सर्जरी और छर्रे बरामद

चीते की जान बचाने के लिए डॉक्टरों की टीम ने आपातकालीन सर्जरी की। इस दौरान उसके शरीर के भीतर से बंदूक के 5 छर्रे निकाले गए। जीवन-रक्षक प्रयासों और सर्जरी के बावजूद, गंभीर चोटों और अंगों के विफल होने के कारण आज तड़के (28 अक्टूबर) चीते 'KNG22' ने दम तोड़ दिया।

राज्य सरकार का कड़ा एक्शन: STF गठित

चीते के शरीर से गोलियों के छर्रे मिलने के बाद वन्यजीव प्रेमियों और प्रशासन में हड़कंप मच गया है। मध्य प्रदेश सरकार ने इस पूरे मामले को बेहद गंभीरता से लिया है। घटना के पीछे शिकारियों या असामाजिक तत्वों का हाथ होने की आशंका के तहत वन और पुलिस अधिकारियों की संयुक्त स्पेशल टास्क फोर्स (STF) का गठन किया गया है। यह STF टीम श्योपुर के जंगलों, आसपास के ग्रामीण इलाकों और संभावित संदिग्धों से पूछताछ कर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी ताकि दोषियों को सख्त सजा दिलाई जा सके।

Amit Mandal
अमित कुमार मंडलauthor

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर 15 सालों से अधिक का अनुभव उन्हें खबरों को देखने की व्यापक दृष्टि देता है। ब्रेकिंग न्यूज, लाइव ब्लॉग, स्पेशल स्टोरीज और एक्सप्लेनेर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। एंगल चुनने की कला, खबरों की गति को समझना और समय पर सही जानकारी पहुंचाना—ये उनकी सबसे बड़ी खूबियां हैं। अमित अपने करियर में करीब 20 हजार से अधिक न्यूज आर्टिकल, एनालिसिस और एक्सप्लेनर पब्लिश कर चुके हैं।

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